जिले के ग्राम पंचायतों में अभी तक विकास कार्य शुरू नहीं हो पाए हैं। कारण, नवनिर्वाचित प्रधानों का अभी तक डिजिटल सिग्नेचर नहीं हो पाया है। जिससे ग्राम पंचायतों में विकास कार्य बाधित पड़े हुए हैं। अभी भी 223 ग्राम प्रधानों का डिजिटल सिग्नेचर बनना बाकी है। जब तक डिजिटल सिग्नेचर नहीं बनेगा, तब तक ग्राम पंचायत के खाते से पैसा नहीं निकल पाएगा।
जिले में कुल 1740 ग्राम पंचायतें हैं। नव निर्वाचित प्रधान पद की शपथ भी ले चुके हैं, लेकिन वे अभी ग्राम पंचायतों में विकास कार्य कराना शुरू नहीं कर पाए हैं। कारण, सभी प्रधानों को डिजिटल सिग्नेचर कराना अनिवार्य है। इस सिग्नेचर के बाद ही ग्राम पंचायत के खाते से पैसा निकाल पाएंगे। जिसके बाद पैसे से विकास कार्य करा पाएंगे। जिले में अभी तक 1517 ग्राम प्रधानों का ही डिजिटल सिग्नेचर बन पाया है। अभी भी 223 प्रधानों का डिजिटन सिग्नेचर नहीं बन पाया है। सभी प्रधानों का डिजिटन सिग्नेचर बन जाने के बाद ही ग्राम पंचायतों में विकास कार्य शुरू होगा। जिला पंचायत राज अधिकारी संतोष कुमार का कहना है कि अभी तक सभी नव निर्वाचित प्रधानों का डिजिटल सिग्नेचर नहीं बन पाया है। जिससे ग्राम पंचायतों में विकास कार्य शुरू नहीं हो पाए हैं। एक दो दिन में सभी प्रधानों के डिजिटल सिग्नेचर बन जाएंगे। जिसके बाद ग्राम पंचायतों में विकास कार्य प्रारंभ हो जाएगा।