थाना क्षेत्र के ख्वाजापुर गांव में स्थित राम जानकी मंदिर के दरवाजे की कुंडी तोड़ कर शनिवार की रात चोरों ने ढाई सौ वर्ष पुरानी भगवान राम, लक्ष्मण और सीता की अष्टधातु की मूर्र्ति और पीतल का घंटा उठा ले गए।
घटना की जानकारी पुजारी को रविवार की सुबह उस समय हुई जब वह पूजा करने गया। पुजारी ने थाने में तहरीर दे दी है। चोरी गई मूर्ति अष्टधातु की थी या पत्थर की इसको कोई नहीं बता पा रहा है।
ख्वाजापुर गांव निवासी पुजारी सत्यनाराण गुप्ता रोज की भांति शनिवार की शाम मंदिर की सफाई व पूजा अर्चन कर दरवाजा बंद करके घर चले गए। रविवार की सुबह जब वे घर से मंदिर पर पहुंचे तो दरवाजे की कुंडी टूटी हुई थी।
मंदिर के अंदर भगवान राम, लक्ष्मण और सीता की मूर्ति व घंटा गायब देख भौचक्का रह गए। उधर इसकी जानकारी होते ही दर्जनों ग्रामीण भी पहुंच गये। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
इस संबंध में थानाध्यक्ष प्रमोद यादव ने बताया कि भगवान राम, लक्ष्मण और सीता की मूर्ति पत्थर की है। ग्रामीण प्रति वर्ष तीनों मूर्ति की पेंटिंग करते थे। जिससे तीनों मूर्तियां चमक रही थी।
पुजारी सत्यनाराण गुप्ता सहित ग्रामीणों ने बताया कि मूर्ति लगभग ढाई सौ वर्ष पुरानी है, लेकिन भगवान राम, लक्ष्मण और सीता की मूर्ति अष्टधातु की है या पत्थर की। इसकी जानकारी हम लोगों को नहीं हैं।