जौनपुर। प्राइवेट एंबुलेंस के माध्यम से मरीजों को वाराणसी के एक निजी अस्पताल में भेजने के मामले में एक संविदा चिकित्सक पर गाज गिरी है। जांच के बाद सीएमएस ने उसकी संविदा समाप्त कर दी है। अस्पताल के दो फार्मासिस्ट के विरुद्ध भी कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र भेजा गया ह ै।
जिला अस्पताल में आने वाले गंभीर मरीजों को साजिश के तहत निजी एंबुलेंस के माध्यम से वाराणसी के शिवपुर स्थित नोवा अस्पताल में भेजने और अस्पताल में उपचार के दौरान मरीजों से मोटी रकम ऐंठने की शिकायत बदलापुर विधायक ने सीएम से की थी। इस मामले में जिला स्तर पर सीडीओ व सीएमओ की कमेटी जांच कर रही है। वहीं शासन स्तर से डीजी हेल्थ को सीधे जांच के लिए भेजा गया था। जांच के दौरान आकस्मिक चिकित्सा ड्यूटी पर तैनात संविदा चिकित्सक डॉ. केके पांडेय की संलिप्तता उजागर हुई। जांच रिपोर्ट के आधार पर सीएमएस डॉ. एके शर्मा ने संविदा चिकित्सक की सेवा समाप्त कर दी है। इसी मामले में रात्रि ड्यूटी में तैनात अस्पताल के दो फार्मासिस्ट की संलिप्तता भी उजागर हुई है। उनके विरुद्ध कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। सीएमएस डॉ. एके शर्मा ने बताया कि इन कार्यों से विभाग की छवि धूमिल हुई है। जांच में दोषी पाने के बाद कार्रवाई की गई है।