कोरोना की तीसरी लहर को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का पत्र जिले के सभी ग्राम प्रधानों के नाम से आया है। जिसमें ग्राम प्रधान चुने जाने पर बधाई दी गई है। साथ ही गांव को स्वच्छ रखने व निगरानी समितियों के माध्यम से कोरोना लक्षण युक्त बच्चों की पहचान कर, उनके परिजनों को विशेष कोरोना मेडिसिन किट बांटने और संक्रमण से बचाव के बाबत लोगों को टीकाकरण के लिए जागरूक करने की अपील की गई है।
जिले में 1740 ग्राम पंचायतें हैं। सभी ग्राम पंचायतों के प्रधानों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पत्र भेजा है। जिसमें लिखा गया है कि देश ही नहीं, पूरा विश्व मार्च 2020 से कोरोना वैश्विक महामारी से जूझ रहा है। प्रदेश सरकार ने पीएम के कुशल निर्देशन में कोरोना टेस्टिंग व उपचार की व्यवस्था को बढ़ाया है और नियंत्रित करने में सफलता प्राप्त की है। इसमें ग्राम पंचायतों में गठित निगरानी समितियों की अहम भूमिका रही है। इनके माध्यम से लक्षण युक्त व्यक्तियों की पहचान व समय से दवाओं का वितरण होने से कोरोना की दूसरी लहर से निपटने की राज्य सरकार की रणनीति रही है। पत्र में यह भी कहा गया है कि तीसरी संभावित लहर से पूर्व हमें अपने टीकाकारण अभियान की गति तेज करने की आवश्यकता है। जिसे प्राप्त करने के लिए प्रधानमंत्री के मेरा गांव-कोरोना मुक्त गांव के उद्देश्य को साकार करना है। इसके लिए मेरा आग्रह है कि प्रदेश सरकार के अभियानों में अपना सक्रिय योगदान दें। इसके तहत जेई व एईएस सहित अन्य संक्रामक बीमारियों से बचाव के लिए गांव को साफ रखने व फागिंग अभियान संचालित करने और शुद्ध पेयजल की आवश्यकता के संबंध में लोगों को जागरूक करना है। पौधरोपण के महाअभियान और कोरोना से बचाव के लिए लोगों को जागरूक करने में सक्रिय भागीदारी देने की अपील भी की गई है। जिला पंचायत राज अधिकारी संतोष कुमार का कहना है कि सीएम का सभी ग्राम प्रधानों को पत्र आया है। जिसमें गांव को स्वच्छ रखने सहित कोरोना से निबटने और टीकाकारण कराने के लिए लोगों को जागरूक करने में सक्रिय सहयोग देने की अपील की गई है।