केराकत। कोतवाल के निलंबन की मांग लेकर धरना देना भ्रष्टाचार निर्मूलन समिति के कार्यकर्ताओं को महंगा पड़ गया है। इस मामले में पुलिस ने सोमवार की शाम समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष रवींद्र द्विवेदी समेत 23 लोगों के विरुद्ध केस दर्ज किया है।
भ्रष्टाचार के खिलाफ देश व्यापी जागरुकता रैली पर निकले भ्रष्टाचार निर्मूलन समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष रवींद्र द्विवेदी का वाहन शनिवार की शाम काफिले के आगे चल रहे पुलिस एस्कोर्ट के वाहन से टकरा गया था। इसमें उनके वाहन का जहां अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, वहीं एस्कोर्ट वाहन में सवार चार पुलिसकर्मी जख्मी हुए थे। समिति के सदस्यों का आरोप था कि हादसे के बाद मौके पर पहुंचे कोतवाल विनय सिंह ने पदाधिकारियों से अभद्रता की और उन्हें थाने में पूरे दिन बैठाए रखा। इसकी शिकायत उच्चाधिकारियों से करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष रवींद्र द्विवेदी के नेतृत्व में कार्यकर्ता मुर्तजाबाद में धरने पर बैठ गए थे। कोतवाल के निलंबन की मांग की। देर रात धरना खत्म कर समिति के पदाधिकारी भदोही रवाना हो गए। सोमवार को मुफ्तीगंज पुलिस चौकी के एक पुलिस कर्मी की तहरीर पर समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष रवींद्र द्विवेदी, राहुल विश्वकर्मा, राजेंद्र विश्वकर्मा और 20 अज्ञात के खिलाफ शांति भंग करने, विधि विरुद्ध कार्य करने, सोशल डिस्टेंसिग का पालन न करने सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया। इसकी जांच मुफ्तीगंज पुलिस चौकी प्रभारी कमलेश कन्नौजिया को सौंपी गई है।