66- जलालपुर में हाईवे पर बैठे छुट्टा पशु।
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जलालपुर। लहंगपुर गांव में में भले ही पशु आश्रय बनाया गया है। इसके बाद भी हाइवे पर छुट्टा पशु घूम रहे हैं। ऐसे पशु हादसे का सबब बने हुए हैं। इन हादसों में राहगीर तो घायल होते ही हैं, पशु भी चुटहिल हो रहे हैं।
शुक्रवार को बड़ी संख्या में छुट्टा पशु त्रिलोचन महादेव बाजार से दक्षिण वाराणसी जनपद की सीमा तक कई स्थानों पर लबे रोड मौजूद थे । हाइवे पर कई स्थानों पर ये पशु झुंड में बैठे या टहलते रहते हैं। जिससे वाहन किसी तरह इधर-उधर से निकल पा रहे थे। लोगों की मानें तो इन पशुओं को पशु आश्रय में ले जाने पर नहीं लिया जाता है। जिससे फसलों को बचाने के लिए इनको हाईवे पर छोड़ कर चले जाते हैं। यहाँ पास में ही लहंगपुर गांव में 8 माह पूर्व सरकारी गौशाला बना है। उसमे रखने की गरज से लोग अपने मवेशियों का लाकर यहाँ छोड़ जाते है।किन्तु गौशाला बेसहारा पशुओं से भरा हुआ है।उसमें रखने की जगह नहीं है।इसकी क्षमता 75 से 90 पशुओं की है लेकिन 100 बेसहारा पशुओं को रखा गया है। सड़क पर वाहनों की चपेट में आने से दर्जनों बेशहारा पशुओं की मौत हो चुकी है।खंड विकास अधिकारी प्रवीण त्रिपाठी ने बताया कि पशुओं की देखरेख के लिए 5 सफाई कर्मियों को लगाया गया है। ग्राम प्रधान जगदीश विश्वकर्मा द्वारा चारे की व्यवस्था की जाती है। अस्थाई गौशाला में देखने के लिए गांव के ही गुलाब को रखा गया था । लेकिन मानदेय न मिलने की वजह से छोड़ दिया है। गोशाला हाईवे से सटा होने की वजह से लोग -लोग सड़क पर ही पशुओं को छोड़ कर चले जाते हैं । जिससे वाहनों की चपेट में आने से पशुओं की मौत हो जाती है