जौनपुर। अंजुमन फारुकिया सब्जी बाजार की ओर से शनिवार की रात जलसा सीरतुन्नबी का आयोजन किया गया। जलसे में गैर जनपद से आए हुए उलेमा और नातख्वां ने कलाम पेश किए। जलसा देर रात तक चलता रहा।
जामिया हुसैनिया लाल दरवाजा के चांसलर मौलाना तौफीक अहमद कासमी ने कहा कि पहले इंसानी भाईचारा का किरदार पैदा कीजिए, आपस में मोहब्बत और एखलाक के साथ रहा जाए उसके बाद मुल्क में अमन कायम हो सकता है। मौलाना आसिफ आजमी ने कहा कि तुम नेताआें और मिनिस्टर की खुशामद न करो, कामयाबी चाहते हो तो अल्लाह और उसके नबी की खुशामद करो। लखनऊ से आए कफील अशरफ नदवी ने नबी की सीरत पर चर्चा की। फैयाज अहमद बाराबंकवी ने भी मदहे सहाबा पर प्रकाश डाला। इसके बाद दिल खैराबादी ने जहरा का, मुर्तजा का दुलारा हुसैन है, अल्लाह के नबी का नवासा हुसैन है सुनाया। अकरम जौनपुरी, यासिर हस्सान ने पेश किए गए नातों से लोगों का दिल जीत लिया। इसके पूर्व जलसे का आगाज कारी नेयाज अहमद और यासिर हस्सान ने तेलावते कुरान से किया। इस अवसर पर मेराजुद्दीन, आरिफ अंसारी, लियाकत अली, नेयाज अहमद, आमिर राइनी, फैजाने इस्लाम, शहबाज अंसारी, अफजल आदि उपस्थित रहे।