जौनपुर। स्नातक वोटरों ने मतदान में रुचि नहीं दिखाई। आधे मतदाता भी बूथ पर नहीं पहुंचे। एमएलसी के चुनाव में 43.15 फीसदी स्नातक वोटरों ने मतदान किया। जबकि शिक्षक मतदाताओं ने 61.19 फीसदी वोट डाले। शिक्षक एवं स्नातक एमएलसी का चुनाव रविवार को शांति पूर्वक सम्पन्न हो गया। मत पेटियों को देर शाम को वाराणसी भेज दिया गया।
शिक्षक एमएलसी के लिए 22 और स्नातक के लिए 44 बूथ बनाए गए थे। सुबह आठ बजे से मतदान शुरू हो गया था। अधिकतर बूथों पर पूरे दिन सन्नाटा पसरा रहा। इक्का दुक्का लोग ही वोट डालने पहुंच रहे थे। सोंधी ब्लाक में सिर्फ 0.33 फीसदी स्नातक मतदाताओं ने मताधिकार का प्रयोग किया। यहां स्नातक के कुल कुल 2789 मतदाता हैं जिसमें से सिर्फ 679 लोग वोट डालने पहुंचे। शिक्षकों में उत्साह जरूर दिखा। शिक्षक के कुल 219 मतदाता हैं जिनमें से 172 लोगों ने वोट डाला। जोनल मजिस्ट्रेट अपने इलाके में बूथों पर भ्रमण करते रहे। सिरकोनी ब्लाक में स्नातक के 41 और शिक्षक के 53 फीसदी मतदाताओं ने वोट डाला। जलालपुर में स्नातक के कुल 2131 मतदाता में से 1014 ने वोट डाले जबकि शिक्षक के कुल 370 मतदाता में से 192 ने मताधिकार का प्रयोग किया। सुइथाकला ब्लाक में स्नातक के 43.5 और शिक्षक के 65.60 फीसदी ने मताधिकार का प्रयोग किया। खुटहन में स्नातक के 45 और शिक्षक के 68 फीसदी वोट पड़े। सुजानगंज में शिक्षक के 60 और स्नातक के 45.70 फीसदी लोगों ने मतदान किया। मुफ्तीगंज में स्नातक के कुल 958 वोटरों में से 608 और शिक्षक के 157 में से 75 लोगों ने वोट डाला। बक्शा ब्लाक में स्नातक के 43 फीसदी वोटरों ने मतदान किया। शिक्षक के कुल 295 मतदाताओं में से 155 लोगों ने मतदान किया। डोभी में 65 फीसदी शिक्षक मतदाताओं ने मतदान किया। यहां स्नातक के कुल 3580 मतदाताओं में से 1881 ने वोट डाला। केराकत में 59 फीसदी शिक्षक और 38 फीसदी स्नातक मतदाताओं ने वोट डाला।
इनसेट
एसडीएम ने उखड़वाया टेंट
बक्शा। बूथ के बाहर प्रत्याशियों के समर्थकों द्वारा बनाए गए टेंट को एसडीएम ने उखड़वा दिया। बक्शा बूथ के बाहर सभी प्रत्याशियों की ओर से बाकायदा टेंट लगाया गया था। दोपहर में पहुंचे एसडीएम सदर ने इस पर आपत्ति जताई। एसडीएम का इशारा मिलते ही पुलिस ने टेंट उखाड़ दिया।