बरईपार/सुजानगंज। साड़ी खुर्द गांव में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन प्रहलाद चरित्र एंव नृसिंह अवतार कथा का वर्णन करते हुए जगद्गगुरु रामानंदाचार्य स्वामी रामभद्राचार्य महाराज ने कहा कि उदारता के बिना हिंदू धर्म चलना मुश्किल है।
उन्होंने कहा कि शास्त्रों का निचोड भगवान को अपना बना लेना है। कदर्म ऋषि ने कहा कि मेरी ऐसी महिला से विवाह कराइए जिसे आपके चरणों में मेरा जैसे समर्पित हो जाए। ऋषि ने वरदान में ऐसा ही वरदान दिया। ईश्वर इतना खुश हो गए कि प्रभु के आंखों में बिंदु सिंधु बन गया। उनके विवाह के बाद उनकी नौ कन्या का जन्म हुआ। सामान्य पिता सभी यही चाहते है कि उसका पुत्र अधिकारी बने लेकिन ईश्वर कृपा के बिना कोई भी पद पाना संभव नहीं है। कदर्म ऋषि के पुत्र के रूप में भगवान कपिल का जन्म हुआ था। मुख्य अतिथि प्रो. रामसेवक दुबे विभागाध्यक्ष संस्कृति विभाग इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय इलाहाबाद रहे। संचालन जय मिश्र ने किया। कथा के आयोजक रमापति मिश्र , चंद्र कांत मणि मिश्र , ओमप्रकाश मिश्र , आलोक मिश्र , शेषधर शुकला , दिनेश जयोतिषी , डा मनोज पांडेय , मीडिया प्रभारी एसपी मिश्र , आनंद मिश्र , लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर एमएम मिश्र, डा. विनय कुमार त्रिपाठी आदि उपस्थित रहे।
गरीबों के लिए लगा स्वास्थ्य शिविर
बरईपार। रविवार को सुबह दस बजे जगद्गगुरु रामभद्राचार्य महाराज ने क्षेत्र के गरीब वर्ग के लिए निशुल्क चिकित्सा शिविर का उद्घाटन भी किया। इस अवसर पर मुबंई से आए डा. अभय शुक्ला , डा. प्राची दुबे एंव सीएओ डा. रामजी पांडेय की टीम ने दर्जनों लोगों का जांच कर दवा का वितरण किया। स्वास्थ्य कैंप नवंबर तक चलेगा। जिसमें सभी की जांच कर नि:शुल्क दवा दवाएं दी जाएगी।