बक्शा। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पर तैनात चिकित्सक के स्थानांतरण के बाद दूसरे चिकित्सक की तैनाती नहीं किए जाने से नाराज मरीजों ने शनिवार को हंगामा खड़ा कर दिया। तीन दिन में चिकित्सक की तैनाती नहीं होने पर राष्ट्रीय राज्य मार्ग जाम करने की चेतावनी दी। पीएचसी पर तैनात कर्मचारी धीरे-धीरे सीएचसी पर भेजे जा रहे हैं। शुक्रवार को वाहन से डॉक्टर की कुर्सी और अन्य सामान उठा ले जाने पर लोग आक्रोशित हो उठे।
प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र के प्रभारी डा. एके कनौजिया का स्थानांतरण हो गया। सीएमओ ने बेलापार बक्शा सीएचसी पर तैनात डा. एके सिंह को प्रभारी बना दिया है। इसी के साथ बक्शा अस्पताल का स्टाप धीरे-धीरे सीएचसी पर बुला लिया गया। बक्शा में मात्र फार्मासिस्ट सीएल गौतम एवं वार्ड ब्वाय गुलाब एवं डिलेवरी के लिए एएनएम रंभा सिंह, वर्षा सिंह एवं रेनू सिंह ही रह गई है। बक्शा में प्रतिदिन डेढ़ से दो सौ मरीजों की ओपीडी होती है। साथ ही आधा दर्जन से अधिक डिलेवरी होती है। दिन एवं रात्रि में अकेले फार्मासिस्ट ही मौजूद रहते है। मरीजों का कहना है कि डॉक्टर को दिखाना हो या थाने से मारपीट जैसे गंभीर मामलों में मेडिकल के लिए दिन भर घायल अवस्था में लोग इंतजार करते है। डिलेवरी के लिए बक्शा आने वाली महिलाएं थाना एवं ब्लॉक होने के कारण अपने को असुरक्षित मानती है। मरीजों को कहना है कि कही बक्शा पीएचसी बन्द करने की साजिश तो नहीं हो रही है। इस दौरान प्रधान भोलेनाथ सिंह, आशीष उपाध्याय, अभिषेक उपाध्याय, नन्हकू तिवारी, रविन्द्र नाथ तिवारी, राकेश सिंह, आशीष सिंह, रामचन्द्र गौतम, मखंचू, सितारा यादव, शांति, उर्मिला, उषा, पूनम आदि मौजूद रही। इस संबंध में सीएचसी अधीक्षक डा. एके सिंह ने बताया कि सोंधी से डा. रोहितलाल का बक्शा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्थानांतरण हुआ है। संभावना है कि वह इस सप्ताह कार्यभार ग्रहण कर लेगें।