फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पचास फीसदी विद्यालयों के पास नहीं हैं संसाधन

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
जौनपुर। निजी स्कूलों में पुस्तकालय, प्रयोगशाला और खेल के नाम पर भले ही तगड़ी फीस वसूल की जाती हो लेकिन आधे से ज्यादा विद्यालयों में इनकी कोई व्यवस्था ही नहीं है। सीबीएसई बोर्ड ने कक्षा नौ से 12 तक के छात्रों के लिए खेल की कक्षाएं चलाने को कहा है। तमाम विद्यालयों में खेल के मैदान नहीं है लेकिन स्पोर्ट्स शुल्क जरूर लिया जाता है। कंप्यूटर शिक्षा के नाम पर हर माह तीन से चार सौ रुपये फीस के नाम पर वसूल किया जा रहा है।
विद्यालय में छात्रों के लिए खेल, पुस्तकालय, प्रयोगशाला, पेयजल की सुविधा, पर्याप्त शिक्षक, कक्षा में बैठने के लिए सीट, बिजली, पंखा आदि की सुविधा होनी चाहिए। पचास फीसदी से अधिक विद्यालय ऐसे हैं जिनके पास संसाधन की कमी है। प्रवेश के समय सुविधाओं के दावे जरूर किए जाते हैं लेकिन व्यवस्था नहीं होती। सीबीएसई बोर्ड ने चालू सत्र से गेम का एक क्लास चलाने का निर्देश दिया है लेकिन हालत यह कि ज्यादातर विद्यालयों के पास खेल के मैदान ही नहीं हैं। पहले सप्ताह में एक दिन स्पोर्ट्स की पढ़ाई होती थी अब नियमित कक्षाएं चलानी हैं।
विज्ञापन


बोर्ड के मानक के हिसाब से छात्रों के लिए लाइब्रेरी और लैब की व्यवस्था है। स्पोर्टस के लिए सप्ताह में एक दिन दिया जाता था। लेकिन अब एक पीरियड स्पोर्ट्स के लिए एलाट कर दिया गया है। हमारे यहां खेल के लिए बड़ा मैदान है। कंप्यूटर विषय की पढाई होती है। छात्रों को प्रैक्टिकल के लिए लैब की सुविधा है।
अशोक कुमार सिंह मां दुर्गा जी विद्यालय सिद्दीकपुर

छात्रों के बेहतर शिक्षा के साथ स्वास्थ्य के लिए खेल की सुविधा मुहैया कराई जाती है। साइंस के छात्रों के लिए प्रैक्टिकल की भी व्यवस्था है। लाइब्रेरी में कक्षा 9 से 19 तक के छात्रों के लिए किताबें भी रखी गई हैं। पढाई के साथ खेल, स्वास्थ्य के लिए समय-समय पर जागरूक किया जाता है। योग भी कराया जाता है।
डा. पंकज सिंह प्रधानाचार्य राधिका विद्यालय हुसैनाबाद

विद्यालय में बच्चों के लिए सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं। गेम का प्रशिक्षण दिया जाता है। छात्रों के लिए कंप्यूटर रूम, लैब और लाइब्रेरी की व्यवस्था है। संसाधनों के और बेहतर बनाने का प्रयास किया जाएगा। विद्यालय में खेल के लिए बड़ा मैदान पहले से ही है। गेम के टीचर की नियुक्ति की गई है। समय-समय पर कंपटीशन भी कराया जाता है।
विज्ञापन

डा. रुचि शर्मा प्रधानाचार्य, डा. रिजवी लर्नर्स एकेडमी

विद्यालय की जिम्मेदारी है कि वह छात्रों को लाइब्रेरी, लैब, खेल का मैदान और अच्छे शिक्षक उपलब्ध कराएं। यूपी बोर्ड के एडेड विद्यालयों में सभी सुविधाएं हैं। सीबीएसई के भी कुछ विद्यालयों में सुविधाएं हैं। शेष विद्यालयों में मानक की अनदेखी की जा रही है। इसकी शिकायत मिलने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।-उमेश शुक्ल, जिला विद्यालय निरीक्षक
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें