नगर पालिका के ईओ को शासनादेश का भी ज्ञान नहीं है। इसकी पोल गुरूवार की देर शाम डीएम की अध्यक्षता में हुई बैठक में खुुल गई। डीएम ने ओडीएफ में धीमी प्रगति, डोर-टू-डोर कूड़ा नहीं उठने, सहित कई कमियों को लेकर अधिशासी अधिकारी कृष्ण चंद्र को फटकारा और कार्यों में सुधार लाने का निर्देश दिया।
कलेक्ट्रेट सभागर में जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी की अध्यक्षता में विकास कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक हुई। जिसमें प्रधानमंत्री आवास योजना, समग्र ग्राम समृद्धि योजना, लोहिया आवास, मनरेगा, आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण, छात्रवृत्ति, पेंशन, विद्युतीरकरण, पोषण मिशन योजना, स्वास्थ्य मिशन योजना आदि योजनाओं की समीक्षा की। जिसमें ईओ तैयारी से नहीं आए थे। पूछने पर वह कोई जवाब भी नहीं दे पा रहे थे। डीएम ने चार दिन बाद समीक्षा बैठक में पूरी तैयारी के साथ आने का निर्देश दिया। उन्होंने जिले के सभी ईओ को मानक के अनुसार मोटी लकड़ी का अलाव निर्धारित स्थानों पर जलवाने एवं वाट्सएप ग्रुपों में फोटो भेजने का निर्देश दिया। इसी प्रकार ग्रामीण क्षेत्रों में ओडीएफ के कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। उपायुक्त मनरेगा कमलेश सोनी ने बताया कि जिले में 117.27 प्रतिशत मानक प्राप्त किया है। प्रदेश में 92.08 प्रतिशत है। 95.7 प्रतिशत भुगतान किया गया है। बीएसए डॉ. राजेन्द्र प्रसाद सिंह ने कस्तूरबा गांधी विद्यालय डोभी, मड़ियाहूं एवं अन्य तीन स्थानों पर सैप्टिक टैंक तथा बच्चों के बैठने के लिए बेंच, डेस्क की मांग जिलाधिकारी से की। जिलाधिकारी ने सीडीओ आलोक सिंह को व्यवस्था कराने का निर्देश दिया। डीएसओ को मानक के अनुसार राशनकार्डों का समय से कार्य कराने का निर्देश दिया। पीडी पीके राय ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना की धनराशि खाते में भेजी जा चुकी है। जिले में 200 आंगनबाड़ी केंद्र निर्माण के सापेक्ष 122 केंद्र बनाए गए हैं तथा 25 आवास छत स्तर तक पहुंच चुके हैं। जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी विद्यालयों में आधार कार्ड बनाने एवं राज्य पोषण मिशन में लक्ष्य न पूर्ण करने का निर्देश दिया। बैठक में सीडीओ आलोक सिंह, सीआरओ रामआसरे सिंह, डीएफओ एपी पाठक, मुख्य चिकित्साधिकारी डा. ओपी सिंह, पीडी पीके राय, उपायुक्त मनरेगा कमलेश सोनी, डीएसटीओ रामदरश यादव, जिला सेवायोजन अधिकारी राजीव कुमार सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी विपिन कुमार यादव, समाज कल्याण अधिकारी विकास केएन तिवारी आदि मौजूद रहे।