यूपी बोर्ड की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट परीक्षा के पहले ही दिन प्रशासन एवं शिक्षा विभाग का नकल विहीन परीक्षा के दावों की धज्जियां उड़ती दिखाई दीं। पहले तो कई परीक्षा केंद्रों पर पुलिस की तैनाती ही नहीं की गई, वहीं संवेदनशील केंद्रों पर खुलेआम नकल कराई गई। उधर, शिक्षा विभाग ने इस बात से इंकार किया कि परीक्षा केंद्रों पर पुलिस की तैनाती नहीं थी।
हाईस्कूल के हिंदी के पेपर में छह व इंटरमीडिएट के हिंदी के पेपर में सात नकलची पकड़े गए। कुछ परीक्षा केंद्रों पर उड़न दस्ता की गाड़ी देख परीक्षार्थियों ने खिड़की से नकल फेंकना शुरू किया। यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए 97 केंद्र बनाए गए थे। इसमें प्रशासन और शिक्षा विभाग ने मानकों को पूरा करने वाले विद्यालयों को ही परीक्षा केंद्र बनाने का दावा किया था। इसके बाद जो केंद्र संवेदनशील थे शिक्षा विभाग ने उनकी सूची भी जारी कर दी थी। इसके बाबजूद भी नकलचियों पर लगाम नहीं लगाई जा सकी।
गुरुवार को शुरू हुई बोर्ड परीक्षा के पहले दिन हाईस्कूल के हिंदी के पेपर में छह नकलची पकड़े गए। जिसमें श्री राम इंटर कालेज पहाड़गांव में एक छात्रा, चौ. गजेंद्र सिंह इंटर कालेज बाबई में एक छात्रा, रूप नारायण तिवारी इंटर कालेज छिरिया सलेमपुर में एक छात्र व दो छात्राएं व जालौन बालिका इंटर कालेज जालौन में एक छात्रा नकल करते पकड़ी गई। वहीं इंटरमीडिएट के हिंदी के पेपर में सात नकलची धरे गए। इसमें जनता इंटर कालेज अकनीवा में एक छात्र, जिला परिषद इंटर कालेज नदीगांव में दो छात्र, जनता सनातन धर्म इंटर कालेज कुठौंद में दो छात्राएं, लहरी बाबा इंटर कालेज बावली में एक छात्र व राजकीय बालिका इंटर कालेज उरई में एक छात्रा पकड़ी गई।
उरई (जालौन) संवेदनशील परीक्षा केंद्र की सूची में शामिल रूप नारायण तिवारी इंटर कालेज छिरिया सलमपुर में नकल माफिया सक्रिय रहे। यहां हाईस्कूल के हिंदी के पेपर में जैसे ही उड़न दस्ता पहुंचा, परीक्षार्थियों ने खिड़की से नकल फेंकना शुरू कर दिया। इसके बावजूद उड़नदस्ते ने तीन परीक्षार्थियों को नकल करते पकड़ लिया।
उरई। शिक्षा व्यवस्था और गुणवत्ता सुधारने के तमाम वायदे व दावे बोर्ड परीक्षा के पहले ही दिन धराशाई हो गए। तैयारी न होने के चलते बोर्ड की हाईस्कूल की परीक्षा में हिंदी के पेपर में जनपद में 2794 परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी है। इसे लेकर शिक्षा विभाग के अधिकारी कुछ भी बोलने से कतराते रहे।
उरई। रूप नारायण तिवारी इंटर कालेज छिरिया सलेमपुर में अनियमितताओं के चक्कर में कक्ष निरीक्षक राघवेंद्र व कर्मचारी अमित को परीक्षा से हटा दिया गया। अब यह परीक्षा के दौरान परीक्षा केंद्र पर ड्यूटी नहीं करेंगे। वहीं, इस कालेज में नकल पर शिकंजा कसने के लिए राजकीय हाईस्कूल काशीपुरा के प्रधानाचार्य श्याम बाबू त्रिपाठी को पर्यवेक्षक के रूप में नियुक्त किया गया है।
उरई। जिले में बोर्ड परीक्षा की कापियों को एकत्रित करने के लिए पांच उप संकलन केंद्र बनाए गए है। इसमें राजकीय इंटर कालेज उरई, छत्रसाल इंटर कालेज जालौन, एसआरपी इंटर कालेज कोंर्च, एमएसबी इंटर कालेज कालपी व बुंदेलखंड इंटर कालेज माधौगढ़ शामिल हैं।
जालौन। बोर्ड परीक्षा में शासन की सख्ती के चलते प्रथम दिन हाईस्कूल के 192 परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। वहीं, सचल दल ने कस्तूरबा गांधी बालिका इंटर कालेज में हाईस्कूल की एक छात्रा को नकल करते पकड़ा गया।
बोर्ड परीक्षा की बैठक में पुलिस के आला अधिकारियों ने परीक्षा में सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम की बात कही थी, लेकिन परीक्षा के पहले दिन परीक्षा केंद्रों पर पुलिस तो दूर होमगार्ड का एक सिपाही तक दिखाई नहीं दिया। इससे जिले के परीक्षा केंद्रों पर मनमानी होती रही। केंद्र व्यवस्थापकों ने सुरक्षा के अभाव में बड़े डरते हुए परीक्षा कराई। कोंच प्रतिनिधि के अनुसार यहां भी अधिकांश परीक्षा केंद्रों पर बिना पुलिस सुरक्षा के परीक्षाएं शुरू करा दी गईं। इस बाबत स्थानीय पुलिस ने कहा कि उनके पास न तो इतनी फोर्स है और न ही प्रशासन की ओर से होमगार्ड ही मौजूद हैं। इसके बावजूद पुलिस परीक्षा पर नजर बनाए हुए थी।
अमरचंद्र महेश्वरी इंटर कालेज केंद्र पर आठ स्कूलों के 266 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। जिनमें 33 गैरहाजिर रहे। सेठ विंद्रावन इंटर कॉलेज में सिमिरिया इंटर कालेज, सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कालेज कोंच, अमरचंद्र महेश्वरी इंटर कालेज कोंच व गणेश प्रसाद उच्चतर माध्यमिक विद्यालय चमरसेना का केंद्र है, पहली पारी में 275 पंजीकृत छात्रों में 15 अनुपस्थित रहे। नगर पालिका परिषद कोंच से संचालित कमला नेहरू बालिका इंटर कालेज में स्कूल की बच्चियों के होम सेंटर के अलावा सेठ विंद्रावन व्यक्तिगत, पं. रामस्वरूप रावत मैमोरियल हाईस्कूल, गणेश उच्चतर माध्यमिक चमरसेना एवं पूरनसिंह इंटर कालेज पनयारा की छात्राओं का सेंटर है, कुल 144 पंजीकृत छात्राओं में 9 गैरहाजिर रहीं। एसआरपी इंटर कालेज कोंच में विन्द्रावन स्कूल, सामी, छानी व भेंड़ के सेंटर हैं। यहां प्रधानाचार्य डॉ. रमेशचंद्र पांडेय ने बताया कि 378 पंजीकृत परीक्षार्थियों में 31 गैरहाजिर रहे।