किसान दिवस बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित किया गया। इसमें किसानों ने अधिकारियों पर लापरवाही व तानाशाही दिखाने का आरोप लगाया। कहा कि बैंक में प्रबंधक किसान क्रेडिट कार्ड के नाम पर परेशान कर रहे हैं। कार्ड पर रोक लगी होने की बात कहकर टरकाया जा रहा है। इसके अलावा फसल बीमा का क्लेम न मिलने से लेकर अन्य समस्याओं
को रखा गया। 30 किसानों ने शिकायतें दर्ज कराई। डीएम ने अधिकारियों को फटकार लगाई और कहा कि किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता से दूर करें। किसान दिवस में किसानों ने कहा कि जनपद की अधिकांश बैंकों में किसान क्रेडिट कार्ड नहीं बनाए जा रहे हैं। बैंक प्रबंधक रोक लगी होने की बात कह कर किसानों को टरका देते है। किसानों का आरोप था कि जो
किसान सुविधा शुल्क दे देते हैं उसका कार्ड तत्काल बना दिया जाता है। इसके अलावा बिजली और पानी का मुद्दा भी छाया रहा। मुसमरिया फीडर पर बिजली के तारों ने एक भैंस की जान ले ली है। देवगांव से आए किसानों ने कहा कि ट्रांसफार्मर की तिथि से बिल नहीं दिए जा रहे। रबी फसल वर्ष 2015-16 का फसल बीमा क्लेम अब तक नहीं दिया गया। अन्य
समस्याएं भी रखी। इतना ही नहीं किसानों ने कहा कि अधिकारियों का व्यवहार किसानों के प्रति अच्छा नहीं रहता। इस दौरान जिलाधिकारी संदीप कौर ने मौजूद अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों की समस्याओं को प्राथमिकता से निस्तारित किया जाए। बैंक प्रबंधक किसानों को परेशान करते है तो उन पर कार्रवाई की जाएगी। बिजली विभाग के
अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई गई। किसान दिवस से गैर हाजिर अधिशासी अभियंता लघुसिंचाई विभाग व उप निदेशक रामगंगा कमांड से स्पष्टीकरण मांगा गया।
इस मौके पर भाकियू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बलराम सिंह लंबरदार, प्रदेश अध्यक्ष राजवीर सिंह जादौन, सुभाष द्विवेदी हरकौंती, बृजेश राजपूत समेत बड़ी संख्या में किसान व विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।