कुठौंद। एक मुश्त समाधान योजना के तहत वसूली करने पहुंची बिजली विभाग की टीम पर कुठौंद थाना क्षेत्र में चार लोगों ने फावड़े से हमला कर दिया था। इन लोगों ने रुपये और मोबाइल छीन लिए थे और सरकारी दस्तावेज फाड़ दिए थे। आरोपियों के खिलाफ जान लेवा हमला करने का प्रयास और सरकारी कार्य में बाधा और क्षति पहुंचाने की रिपोर्ट दर्ज की थी। रविवार को उनके खिलाफ लूट की धारा भी बढ़ाई गई है। चारों आरोपी छह दिन बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं।
कुठौंद ब्लॉक के शंकरपुर गांव में जेई नवनीत अग्रवाल के नेतृत्व में बिजली विभाग की टीम ओटीएस के तहत वसूली के लिए गई थी। उनके साथ संविदा कर्मचारी सत्येंद्र कुमार, प्रेम कुमार, रफी मोहम्मद भी थे। बीते 18 दिसंबर की दोपहर कैंप लगा था। इस दौरान बड़े बकाएदारों के कनेक्शन काटने की कार्रवाई भी की जा रही थी। जेई के अनुसार टीम गांव के रहने वाले अमर सिंह के घर पहुंची। उन पर 80 हजार रुपये का बिल बकाया था। आरोप था कि बिजली काटने की कार्रवाई शुरू की तो पुत्र राजकुमार, सुशील और हेमंत ने टीम के साथ अभद्रता की। मारपीट की। कर्मचारियों की आंख पर गंभीर चोट आई। जेई का मोबाइल भी छीन लिया और सरकारी दस्तावेज फाड़ दिए। जमा किए गए बिजली बिल के 7200 रुपये भी छीन लिए। विरोध करने पर फावड़ा मारकर जान से मारने की कोशिश की।घटना का वीडियो भी आसपास के ग्रामीणों ने बना लिया था। सोशल मीडिया पर वायरल होने पर पुलिस हरकत में आई। सीओ राम सिंह का कहना है कि दबिशें दी जा रही हैं। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।