ग्राम पंचायत निर्वाचन 2015 के परिणामों के लिए मतगणना कार्य सभी नौ स्थलों
पर निर्धारित समय सुबह सात बजे से शुरू हुआ। न्याय पंचायत वार लगाई गई
टेबलों पर मतगणना हुई। परिणाम घोषित होने के बाद एनआईसी की वेबसाइट पर
अपलोड किया गया और जीते प्रत्याशियों को निर्वाचन अधिकारी की ओर से प्रमाण
पत्र दिया गया। जनपद की 575 ग्राम
पंचायतों में नई सरकार निर्वाचित हुई है।
कई गांवों में जीत-हार का अंतर एक से 10 मतों का रहा। इस पर गहमागहमी का
माहौल रहा लेकिन मतगणना शांतिपूर्ण ढंग से हो गई। जिला निर्वाचन अधिकारी
रामगणेश व एसपी एन कोंलांचि पूरे दल बल के साथ मतगणना स्थलों का निरीक्षण
करते रहे। मतगणना स्थल के बाहर प्रत्याशियों के समर्थकों की भीड़ रही।
जनपद
की 575 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के लिए 5455 प्रत्याशियों ने भाग्य
आजमाया था। रविवार को मतगणना के बाद गांवों को नए प्रधान मिल गए। गांवों
में जीत का जश्न मनाया गया। डकोर क्षेत्र की मतगणना शहर के राजकीय इंटर
कालेज में हुई। यहां 77 ग्राम पंचायतों की प्रधानी के लिए 793 प्रत्याशियों
ने भाग्य आजमाया था। 731 सदस्य पद के
प्रत्याश भी मैदान में थे। प्रथम तल
पर मतगणना कार्य शांतिपूर्ण माहौल में शुरू हुआ। दोपहर में गहमागहमी का
माहौल रहा लेकिन सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी की सूझ बूझ से सबकुछ
शांतिपूर्ण निपट गया। माधौगढ़ ब्लाक की मतगणना बुंदेलखंड इंटर कालेज
माधौगढ़ में हुई। यहां 57 ग्राम पंचायतों के लिए प्रधान निर्वाचित हुए।
प्रधान पद के 430 व सदस्य
पद के 592 प्रत्याशियों ने भाग्य आजमाया था।
रामपुरा ब्लाक क्षेत्र में 44 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के लिए 438
प्रत्याशियों ने भाग्य आजमाया। सदस्य के 410 प्रत्याशियों के भी भाग्य का
फैसला हुआ। रामपुरा क्षेत्र की मतगणना समर सिंह इंटर कालेज रामपुरा में
कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हुई। कुठौंद के वोट जनता सनातन धर्म इंटर
कालेज में गिने
गए। इस क्षेत्र में 67 ग्राम पंचायतों में प्रधान पद के 614
उम्मीदवार मैदान में थे। सदस्य पद के 566 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला
मतगणना के जरिए किया गया। जालौन ब्लाक में छत्रसाल इंटर कालेज में मतगणना
भी कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हुई। यहां पर 62 ग्राम पंचायतों के लिए
प्रधान निर्वाचित हुए। 487 प्रत्याशियों ने अपना भाग्य आजमाया था।
सदस्य पद
के लिए 313 प्रत्याशियों को मिले मतों की गणना हुई। नदीगांव ब्लाक क्षेत्र
में 76 ग्राम पंचायतों में नई सरकार का फैसला हुआ। यहां पर प्रधान पद के
635 उम्मीदवार थे। सदस्य पद के 838 प्रत्याशियों में जीत हार का फैसला हुआ।
कोंच ब्लाक की 62 ग्राम पंचायतों के प्रधान निर्वाचित हुए। 568 प्रत्याशी
जीत का सेहरा बधवाने के लिए मैदान में थे
लेकिन जीत 62 ने दर्ज की। सदस्य
पद के लिए 465 प्रत्याशियों को मिले मतों की गणना हुई। जीत के बाद
प्रत्याशियों को प्रमाण पत्र दिए गए। महेवा में प्रधान पद के 592
प्रत्याशियों में से 59 के सिर जीत का सेहरा सजा। सदस्य पद के 505
प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला हुआ। कदौरा में प्रधान पद के लिए 898
प्रत्याशियों में से 71 भाग्यशाली साबित हुए जिनके सिर जीत का सेहरा सजा।
सदस्य पद के लिए 800 प्रत्याशियों का भाग्य मतगणना में तय हुआ।
जीत के जश्न में झूमे समर्थक
राजकीय
इंटर कालेज उरई में मतगणना का कार्य सुबह सात बजे से शुरू हुआ। मतगणना
स्थल के बाहर प्रत्याशियों के समर्थकों की भीड़ रही। सबसे पहला परिणाम मवई
का आया। यहां पर राजू की जीत हासिल हुई। यह खबर जैसे ही बाहर आई समर्थक झूम
उठे। प्रत्याशी के बाहर निकलने पर उसे फूलमालाओं से लाद दिया।
पूर्व सांसद के भतीजे के सिर जीत का सेहरा
डकोर
ब्लाक क्षेत्र की बम्होरी ग्राम पंचायत पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत व
पूर्व विधायक कप्तान सिंह राजपूत के लिए प्रतिष्ठा का विषय बनी हुई थी।
पूर्व सांसद के भतीजे अजय राजपूत व पूर्व विधायक के भतीजे सुनील राजपूत
आमने सामने थे। मतगणना हुई तो अजय राजपूत को जीत हासिल हुई।