शहर निवासी कवियत्री डॉ. माया सिंह को फ्रांस में ‘विश्व हिंदी सेवी सम्मान’ मिला है। वापस लौटी माया का सोमवार को स्वागत किया गया। 11 जून को इनाल्को यूनिवर्सिटी फ्रांस की ओर से पेरिस के सभागार में वैश्विक पर्यावरण विषय पर कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इसमें उरई की कवियत्री डॉ. माया सिंह माया ने भी हिस्सा लिया था।
माया हिंदी जगत में कई रचनाएं लिख चुकी हैं। फ्रांस के लौटने पर सोमवार को शहर में साहित्यकारों ने उन्हें पुष्प गुच्छ भेंट किए। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में कश्मीर सहित विश्व के 70 से अधिक देशों के साहित्यकार शामिल हुए थे।
उधर, श्रद्धा फाउंडेशन ने हरीश चंद्र त्रिपाठी के आवास पर समारोह करके माया सिंह को शाल व श्रीफल से सम्मानित किया। माया ने कहा कि भविष्य में भी इसी तरह हिंदी साहित्य में अपना योगदान देती रहेंगी। कार्यक्रम में पं. यज्ञ दत्त त्रिपाठी, अनीता कनौजिया, सिद्धार्थ त्रिपाठी, अभय द्विवेदी, राजीव शर्मा, हरेंद्र विक्रम और आयुष शुक्ला आदि मौजूद रहे।