उरई (जालौन)। जिला अस्पताल परिसर में लगे टिनशेड से शनिवार को युवक का शव फंदे से लटका मिला। पुलिस मौके पर पहुंची और युवक की जेब से टीबी के इलाज का पर्चा बरामद किया। सीओ सिटी संतोष कुमार का कहना है कि युवक टीबी की बीमारी से ग्रसित था, जिससे उसको मानसिक तनाव भी था। हो सकता, इसी के चलते फांसी लगा जान दी हो। फिलहाल पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद कुछ स्पष्ट कहा जा सकेगा।
शहर कोतवाली क्षेत्र मोहल्ला कृष्णानगर निवासी मनीष वर्मा (35) पुत्र सोहालाल का शव शनिवार की सुबह जिला अस्पताल परिसर में पुरानी इमरजेंसी के पास लगे टिनशेड में फंदे पर लटका मिला। सूचना पर पहुंचे कोतवाल सुधाकर मिश्रा ने शव को उतरवाकर जांच पड़ताल की और पहचान होने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मनीष के रिश्तेदार कांशीराम कालोनी निवासी रामसेवक ने पुलिस को बताया कि मनीष गुजरात में रहकर होटलों में काम करता था और एक महीने पहले ही लौटा था। उसके माता पिता का निधन हो चुका है, जिससे उसका घर आना जाना भी कम था।
उधर, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉक्टर सुग्रीव बाबू का कहना है कि मनीष 23 नवंबर को खांसी और बुखार की शिकायत लेकर अस्पताल आया था, जिस पर उसके बलगम की जांच कराई गई थी, जिसमें टीबी के कोई लक्षण नहीं मिले थे। इस पर उसे चेस्ट का एक्सरे कराने के लिए कहा गया था, लेकिन अभी तक उसने कराया नहीं था। अस्पताल कर्मियों को आशंका है कि मनीष ने सुबह तीन से पांच बजे के बीच फांसी लगाई होगी।