उरई। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय के अध्ययन केंद्र डीवी कॉलेज में विभिन्न पाठ्यक्रमों-स्नातकोत्तर, स्नातक, डिप्लोमा एवं प्रमाणपत्र कार्यक्रमों में प्रवेश की अंतिम तिथि 15 फरवरी है। डीवी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजेश चंद्र पांडेय ने बताया कि विद्यार्थियों को दो डिग्री कोर्स को अब एक ही समय में करने की सुविधा प्राप्त होगी।
उन्होंने कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धा के युग में छात्र-छात्राओं कर्मचारियों और गृहणियों को भी शिक्षा पूरी करना चुनौती बनता जा रहा है। ऐसे में इग्नू द्वारा उच्च शिक्षा के लिए किए जा रहे प्रयास सराहनीय है। नई शिक्षा नीति में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने एक साथ दो पाठ्यक्रमों को करने की अनुमति प्रदान की गई है ।
इग्नू अध्ययन केंद्र की समन्वयक प्रोफेसर शैलजा गुप्ता ने बताया कि दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से इग्नू स्नातकोत्तर स्तर पर शिक्षाशास्त्र, समाजशास्त्र, समाजकार्य, अर्थशास्त्र, अंग्रेजी, हिन्दी, इतिहास, राजनीति विज्ञान, लोक प्रशासन, ग्रामीण विकास, पर्यटन एवं यात्रा प्रबंधन, पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान में कार्यक्रम प्रदान कर रहा है।
इच्छुक अभ्यर्थी ऑनलाइन और ओडीएल (ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग) मोड़ के माध्यम से प्रमाणपत्र, डिप्लोमा, पीजी डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में आवेदन कर सकते हैं।
स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए अभ्यर्थी का 12वीं पास होना आवश्यक है। स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों के लिए मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से स्नातक डिग्री अनिवार्य है।
प्रवेश के लिए अधिकतम उम्र की कोई सीमा नहीं है। उन्होंने बताया कि डीवी कालेज जुलाई 2024 सत्र से स्नातकोत्तर स्तर पर शिक्षाशास्त्र में एमए कार्यक्रम प्रारंभ कर दिया है। शिक्षाशास्त्र में एमए की उपाधि एमएड के समकक्ष है। इसका लाभ विशेष रूप से उन विद्यार्थियों को मिलेगा जो सुदूर ग्रामीण क्षेत्र के है।