उरई। जुए में जीती गई मात्र 400 रुपये की रकम वापस न करने पर तीन नाबालिग लड़कों ने मिलकर किशोर की हत्या कर दी। हैरत की बात तो यह है कि हत्या में शामिल तीनों लड़कों की उम्र 11 से 15 साल के बीच की है। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर उनके पास से हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी और ताश की गड्डी भी बरामद की है। पूरे मामले का पुलिस आफिस में खुलासा करते हुए अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. अवधेश सिंह ने बताया कि आरोपियों को फिलहाल बच्चों की जेल भेजा जा रहा है। बता दें कि अमर उजाला ने शुक्रवार को ही मामले की खबर प्रकाशित कर दी थी।
एएसपी ने बताया कि आटा थाना क्षेत्र के सुनहेटा गांव निवासी सीताशरण (17) पुत्र ब्रजनंदन का शव गुरुवार की शाम गांव से कुछ दूरी पर स्थित जंगल में मिला था। गर्दन पर कुल्हाड़ी मारकर उसकी हत्या की गई थी। नजदीक ही कुछ फटे नोट व ताश के पत्ते भी मिले थे। वारदात के कुछ देर बाद ही पुलिस ने जब गांव में पूछताछ शुरू की तो एक-एक कर आरोपियों के नाम व चेहरे सामने आते गए। एएसपी के मुताबिक तीनों नाबालिग आरोपी लड़के सीताशरण के पड़ोसी ही थे और बुधवार की शाम चारों साथ मिलकर जंगल में जुआ खेल रहे थे।
जिसमें सीताशरण तीनों से करीब सात आठ सौ रुपये जीत गया था। आरोपियों में 11 साल के नाबालिग ने जब अपनी हारी हुई 400 की रकम वापस मांगी तो सीताशरण ने देने से इंकार कर दिया। इस पर उसी 11 साल के आरोपी ने ही सीताशरण की गर्दन पर पीछे से कुल्हाड़ी मारकर उसे मौत के घाट उतार दिया था। इसके बाद तीनों नाबालिग शव को वहीं छोड़कर मौके से फरार हो गए थे। एएसपी ने बताया कि तीनों की कम उम्र को देखते हुए उन्हें बच्चों की जेल भेजा जा रहा है।