उरई (जालौन)। भाजपा के सदर विधायक और जिलाध्यक्ष ने राठ रोड पर सट्टा खेलते लोगों को पकड़ा। विधायक ने तत्काल एसपी को मामले से अवगत कराया तो कुछ ही देर में कोतवाल भी फोर्स के साथ पहुंचे। भीड़ के सामने ही दोनों पार्टी नेताओं ने कोतवाल को फटकार भी लगाई। वहीं जिलाध्यक्ष ने सीओ को भी फोन मिलाकर भी खुलेआम हो रहे सट्टे पर रोष जताया। एसपी डॉ सतीश कुमार का कहना है कि पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
मंगलवार सुबह सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा और भाजपा जिलाध्यक्ष रामेंद्र सिंह राठ रोड पर मजदूरों के लिए बनाए गए टिन शेड को देखने गए थे। वहीं पास में कुछ सटोरिए पर्ची बना रहे थे, इस पर पब्लिक के लोगों ने नेताओं से शिकायत की कि यहां पूरे दिन सट्टा खेला जाता है। इस पर दोनों नेता सटोरियों की बढ़े तो चार सटोरिए भागने लगे। जिस पर भीड़ ने दौड़ाकर दो सटोरियों को पकड़ लिया। उनके पास से रुपये व पर्ची बरामद हुई।
फिर पार्टी नेताओं ने एसपी को फोन मिलाकर जानकारी दी, जिसके कुछ देर बाद ही कोतवाल शिव गोपाल भी फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। जहां विधायक व जिलाध्यक्ष ने कोतवाल को खूब खरी खोटी सुनाई। इलाकाई लोगों का आरोप है कि लंबे समय से कोतवाली पर जमे सिपाही की सरपरस्ती में ही सट्टे व जुए का कारोबार का फल फूल रहा है। जिलाध्यक्ष ने बताया कि एसपी ने उन्हें भरोसा दिलाया है, खुलेआम सट्टा खिलवाने के पीछे जिसका भी हाथ होगा, उस पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
जिलाध्यक्ष का एक अधिकारी ने फोन काटा
जिलाध्यक्ष ने जब एक अधिकारी को फोन मिलाकर फटकारा तो उसने फोन ही काट दिया। जिलाध्यक्ष का कहना है कि वे एसपी को उक्त अधिकारी का नाम भी बताएंगे। जनपद में कहीं पर भी पुलिस की आड़ में कोई गलत काम न होने दिया जाएगा।
पुलिस के हाथों धरे गए कई सटोरिए
घटना के बाद हरकत में आई कोतवाली के सभी चौकी प्रभारी सटोरियों को पकड़ने में जुट गए और फिर हर एक चौकी से एक, दो सटोरिये पुलिस के हत्थे चढ़े। देर शाम तक बजरिया, राठ रोड, शिवपुरी आदि क्षेत्रों से सटोरियों को पकड़ने का सिलसिला चलता रहा।
दीवाली पर जुए की हजम हुई थी रकम
सूत्रों के अनुसार, सटोरियों व जुआरियों से पुलिस की मिलीभगत काफी पुरानी है, दीवाली के दौरान बड़ा जुआ पकड़ा गया था, जिसमें कोतवाली पुलिस के हाथ काफी बड़ी रकम लगी थी, लेकिन दिखाई कम गई थी। कुछ जुआरियों को सेटिंग के चलते छोड़ा भी गया था।
राठ रोड पर कोतवाल को सटोरियों की करतूत बताते विधायक वे जिलाध्यक्ष- फोटो : ORAI