निर्माण पूरा होने के बाद 7 दिसंबर 2019 को पूर्व सांसद एवं भाजपा नेता घनश्याम अनुरागी ने आरोप लगाया था कि तत्कालीन सीएमओ डॉ अल्पना बरतारिया एवं एसीएमओ डॉ बीएम खैर ने निर्माण कार्य में मनमानी करते हुए करोड़ों का घोटाला किया है। पूर्व सांसद ने मामले की शिकायत सीधे शासन से की थी।
इस पर शासन से तत्कालीन झांसी मंडलायुक्त सुभाष चंद्र मामले की जांच सौंपी गई थी। कमिश्नर ने जांच में दोनों चिकित्सा अधिकारियों को दोषी पाया है और उनके खिलाफ शासन से कार्रवाई की संस्तुति की है। इसके बाद शासन ने निदेशक प्रशासन को जांच अधिकारी मनोनीत किया है।
मुझे अभी तक किसी भी जांच के संबंध में जानकारी नहीं है। न ही मेरे पास जांच के संबंध में कोई पत्र आया है और न ही किसी ने पूछताछ की है। यदि शासन स्तर से कोई जांच आती है, तो मैं अपना पक्ष रख रखूंगी।
डॉ. अल्पना बरतारिया, एडी हेल्थ, झांसी