संरक्षित खेती एवं बागवानी को बढ़ावा देने के लिए उद्यान विभाग की ओर से दो
दिवसीय किसान मेला का शुभारंभ मंगलवार को हुआ। मेला में फल, फूल शाकभाजी
के अच्छे उत्पादों का प्रदर्शन किसानों की ओर से किया गया। इस दौरान शासन
की योजनाओं की जानकारी दी गई। किसानों को बताया गया कि वह फलदार पौधे लगाकर
अधिक मुनाफा कमा
सकते हैं। इसके अलावा फलदार पौधे हरियाली लाएंगे जिससे
पर्यावरण संतुलित होगा और मौसम की अस्थिरता दूर होगी। इसके अलावा किसानों
को वैज्ञानिक तरीके से खेती करने का सुझाव दिया गया। किसानों ने भी आ रही
समस्याओं को अधिकारियों के बीच रखा और समाधान कराने की बात कही। रिमझिम
बारिश के बीच मेला में जानकारी पाने के लिए
किसान बैठे रहे। मंगलवार को
उद्यान विभाग परिसर में आयोजित दो दिवसीय मेला का सदर विधायक दयाशंकर
वर्मा, जिलाधिकारी रामगणेश और एसपी एन.कोलांचि ने संयुक्त रूप से फीता काट
कर किया। इसके बाद सदर विधायक ने सूबे की सरकार को किसान हितैषी बताया और
कहा कि किसान दुर्घटना बीमा योजना में क्लेम राशि पांच गुना बढ़ाई है।
जिलाधिकारी ने कहा कि किसानों को मौसम के मुताबिक नई तकनीक पर आधारित खेती
करनी चाहिए। कहा कि किसानों की समस्याओं को लेकर जिला प्रशासन गंभीर है।
टेल तक पानी पहुंचाने का प्रयास किया गया। एसपी ने किसानों से कहा कि उनकी
सुरक्षा का जिम्मा पुलिस प्रशासन का है। कृषि वैज्ञानिक डा.एम के सिंह ने
किसानों से कहा कि वह फलदार पौधे
लगाएं जिससे धरा पर हरियाली आएगी और
पर्यावरण संतुलित होने के साथ ही किसान अधिक मुनाफा कमा सकेंगे। इसके अलावा
अन्य वैज्ञानिकों ने किसानों को तकनीकी जानकारी दी। जैविक उर्वरक संबधी
जानकारी भी दी गई। इसके बाद मेला में लगाए गए स्टालों से किसानों को जरूरी
जानकारी दी। तुलसी पौधशाला के डायरेक्टर अमित द्विवेदी ने बताया कि
कम रेट
पर उनके यहां आम, अमरूद एवं अन्य फल और फूलों के पौधे उपलब्ध हैं। जिला
उद्यान अधिकारी गमपाल सिंह ने विभाग की संचालित योजनाओं की जानकारी दी। इस
दौरान उद्यान निरीक्षक एलके अवस्थी के अलावा डा. आरकेसिंह, डा. डीसी यादव,
मृदापरीक्षण के मनोज कुमार, किसान नेता साहब सिंह चौहान, लक्ष्मीनारायण
चतुर्वेदी, अशोक सिंह मड़ोरी, बृजेशराजपूत, भानूराजपूत के अलावा अन्य
अधिकारी व किसान मौजूद रहे।
फूल, फल व शाकभाजी के लगे स्टाल
किसानों
की ओर से फल, फूल, शाक भाजी का उत्पादन जिलेभर में किया जा रहा है। इसमें
से उन किसानों ने स्टाल लगाकर पैदावार के नमूने पेश किए जिन्होंने विपरीत
मौसम में भी मेहनत करके अच्छा उत्पादन किया। गुलाब, गेंदा के कई वैरायटी के
फूल, आलू, बैगन, शदजम समेत मटर, मूली, गाजर लौकी, अमरूद, आम बंदगोभी
फूलगोभी समेत अन्य का प्रदर्शन किया गया।