25 दिन से बिजली न आने से नाराज ग्रामीणों ने मंगलवार को कालपी रोड स्थित
सब स्टेशन का घेराव कर लिया। इस दौरान ग्रामीणों ने शहर की आपूर्ति ठप करा
दी। सूचना पाकर महकमे के अधिकारी पहुंचे और 24 घंटे के भीतर विद्युत
आपूर्ति बहाल कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद शहर की आपूर्ति चालू कर दी
गई। उधर, किसानों ने कहा कि भले ही अधिकारियों ने
शहर की बिजली आपूर्ति को
बहाल करा दिया है लेकिन जब तक उनके फीडर की बिजली शुरू नहीं होती है तब तक
उनका प्रदर्शन जारी रहेगा। गौरतलब है कि 20 दिन पहले पावर हाउस में आग
लगने से मशीनें जल गई थीं। करीब एक माह होने वाला है। लेकिन अभी तक नूरपुर
फीडर की मशीनें नहीं बदली गईं हैं। इससे फीडर की सप्लाई ठप है। कई बार
ग्रामीण
अधिकारियों से गुहार भी लगा चुके हैं लेकिन सुनवाई नहीं हुई। वहीं
बिजली न आने से क्षेत्र के लोग सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। उनकी फसलें
सूखने की स्थिति में हैं। इससे आक्रोशित होकर अटरिया, सिहारी दाउदपुर, औंता
व ककहरा गांव के आधा सैकड़ा ग्रामीण मंगलवार की दोपहर कालपी रोड स्थित सब
स्टेशन पहुंच गए। यहां उन्होंने सब स्टेशन का घेराव करके बिजली विभाग
व
प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी और शहर की बिजली बंद करा दी। बवाल की
सूचना पर पुलिस फोर्स व बिजली विभाग के एसडीओ अजय कुमार, एक्सईएन तरनवीर
आदि अधिकारी मौके पर पहुंच गए। बिजली अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि बुधवार
की दोपहर तक उनके फीडर की बिजली आपूर्ति चालू करा दी जाएगी। लेकिन ग्रामीण
नहीं माने और सब
स्टेशन पर डेरा जमाकर धरने पर बैठ गए। हालांकि राहत के
तौर पर उन्होंने शहर की बंद आपूर्ति फिर से चालू करवा दी। इसके बाद भी वह
धरने से उठने को तैयार नहीं हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक उनके फीडर
में बिजली आपूर्ति चालू नहीं होती, तब तक वह धरने पर बैठे रहेंगे। रात में
भी ग्रामीण सब स्टेशन पर ही डेरा जमाए रहे। प्रदर्शन करने वालों में
देवीशरण, विजयपाल सिंह चौहान, आरएन सिंह, अजीत सिंह, अल्लू, मानवेंद्र
सिंह, विवेक सिंह, मन्नू राजा, रिंकू चौहान, मनमोहन ङ्क्षसह, चंद्रभान सिंह
आदि शामिल रहे।