जिला स्तरीय रबी गोष्ठी व किसान मेला का आयोजन सोमवार को राजकीय इंटर कालेज परिसर में किया गया। इसमें किसानों को दलहनी व तिलहनी फसलों के बारे में जानकारी दी गई। इसके अलावा औद्यानिक खेती और उर्वरक केे उपयोग पर जोर दिया गया। कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को बताया कि वह गुणवत्ता वाले बीजों का इस्तेमाल करें। किसान मेला एवं
रबी गोष्ठी का जिलाधिकारी संदीप कौर एवं सदर विधायक दयाशंकर वर्मा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर उद्घाटन किया। इसके बाद जिलाधिकारी ने मेला में लगाए गए स्टालों को देखा। जिलाधिकारी ने फसलों का बीमा कराने पर जोर दिया। कहा कि किसी भी आपदा की स्थिति में बीमित फसल से किसानों को सहूलियत होगी। किसानों ने समय से नहरों के संचालन के
साथ आने वाली समस्याओं को दूर करने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि ओलावृष्टि व सूखा की राहत राशि शासन से प्राप्त हुई, जिसे एक माह के अंदर किसानों के बैंक खातों में भेज दिया जाएगा। सीडीओ एसपी सिंह ने भी किसानों को योजनाओं की जानकारी दी। सदर विधायक ने कहा कि किसानों को प्रदेश सरकार की ओर से संचालित योजनाओं का भरपूर लाभ
दिया गया है। कृषि वैज्ञानिक डा. राजीव कुमार सिंह ने वैज्ञानिक ढंग से खेती की सलाह दी। डा. एमकेे सिंह ने औद्यानिक खेती केे संदर्भ में बिंदुवार जानकारी दी। उप कृषि निदेशक अनिल कुमार पाठक ने कृषि विभाग की संचालित योजनाओं की जानकारी दी और कहा कि इस समय राजकीय बीज गोदामों पर किसानों के लिए अच्छे किस्म के बीज उपलब्ध हैं।
भाकियू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बलराम सिंह लंबरदार, प्रदेशाध्यक्ष राजवीर सिंह, किसान संघ के जिलाध्यक्ष साहब सिंह चौहान ने किसानोें के सामने आने वाली समस्याओं को रखा और
मांग की कि नहरों व नलकूपों का संचालन पूरी क्षमता से किया जाए। किसान मेला में एमएलसी प्रतिनिधि संजय सिंह, भाकियू जिलाध्यक्ष ब्रजेश राजपूत, सुभाष द्विवेदी, लक्ष्मीनारायन चतुर्वेदी समेत किसान और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
मेले में लगे 40 स्टाल
राजकीय इंटर कालेज के मैदान में आयोजित किसान मेला में 40 संस्थाओं के स्टाल लगाए गए। इसमें औद्यानिक विभाग, कृषि विभाग, नेडा विभाग, पशुपालन विभाग आदि केे स्टाल लगे थे। इसमें से किसानोें को नीम लेपित यूरिया के बारे में जानकारी दी तो वहीं, दूसरी तरफ लगे एकीकृत नासीप्यूरी के बारे में जानकारी दी गई। सोलर पंप, कृषि यंत्रों की उपलब्धता व आन लाइन किसानों के पंजीकरण के बारे में जानकारी दी गई। कृषि यंत्र वाली विभिन्न कंपनियों के भी स्टाल मेला में लगाए गए थे।