उरई। जिला पोषण समिति की डीएम राजेश कुमार पांडेय ने कलक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक की। बैठक में बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की योजनाओं पर चर्चा हुई। योजना की खराब प्रगति पर कदौरा, रामपुरा, माधौगढ़ व कुठौंद के सीडीपीओ से जताई नाराजगी।
डीएम ने संभव अभियान की प्रगति कम मिलने पर निर्देश दिए कि चिह्नित सैम बच्चों को आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई जाएं। गर्भवती की प्रसव पूर्व जांच (एएनसी) जांचें पोषण ट्रैकर पर समय से फीड की जाएं। फेस कैप्चरिंग और ई-केवाईसी कार्यों में कदौरा, कुठौंद, माधौगढ़ व रामपुरा ब्लॉकों की खराब प्रगति पर संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया।
उन्होंने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण कर नए पात्र लाभार्थियों के आवेदन आंगनबाड़ी वर्कर से भरवाने के निर्देश दिए। जून में एनआरसी में 22 बच्चों को भर्ती किया गया। सैम बच्चों को दुधारु गाय गोद दिलाई गई। डीएम ने निर्देश दिए कि जुलाई माह में प्रत्येक परियोजना से कम से कम 2 बच्चों को एनआरसी में भर्ती किया जाए और सभी सीडीपीओ पांच-पांच सैम बच्चों को दुधारु गाय गोद दिलाएं। इस दौरान एडीएम संजय कुमार, सीएमओ डॉ. एनडी शर्मा, बीएसए चंद्रप्रकाश, जिला पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज अवस्थी, जिला कार्यक्रम अधिकारी शरद अवस्थी आदि रहे।