घटना के बाद मौके पर पहुंची डीएम संदीप कौर, एसपी बबलू कुमार।
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आटा के किसानाें ने सोचा भी नहीं होगा कि वह मौत के सफर पर जा रहे हैं। मंगलवार की सुबह दस बजे वे आटा बस स्टैंड पर कालपी जाने के लिए वाहन का इंतजार कर रहे थे। तभी उरई की ओर से एक कार आकर रुकी और पांचाें लोग कार पर कालपी के लिए सवार हो गए। कुछ ही समय हुए हृदय विदारक हादसे में इसमें से चार लोगों की मौत हो गई। हादसे का
शिकार हुए किसान कालपी तहसील दिवस में सूखा राहत के चेक के लिए गुहार लगाने जा रहे थे। मंगलवार की सुबह आटा से निकली कार कालपी कोतवाली के छौंक गांव के पास खड़े पानी के टैंकर में पीछे से जा घुसी। इस हादसे में आटा निवासी देवी शंकर, लालाराम, महेंद्र व कार चालक जगत की मौत हो गई। जानकारी पाकर पहुंचे परिजनाें ने बताया कि घर से
सभी लोग कालपी तहसील दिवस में जा रहे थे। वे सूखा राहत का चेक न मिलने की शिकायत डीएम से करते लेकिन उससे पहले ही काल के गाल में समा गए। हादसे की सूचना जैसे ही
आटा गांव पहुंची तो घराें में कोहराम मच गया। बदहवास परिजन मौके पर पहुंचे और अस्पताल आए। हादसा इतना भीषण था कि चालक का शव कार में फंस गया। इसे पुलिस ने काटकर निकाला। घटना इतनी दहलाने वाली रही कि देखने वालों के रोंगटे खड़े हो गए।
डीएम-एसपी भी पहुंचे घटना स्थल पर
कालपी तहसील दिवस में जा रही डीएम संदीप कौर व एसपी बबलू कुमार भी हादसा होने की जानकारी पर मौके पर रुके और घायलाें को पुलिस की मदद से जिला अस्पताल भिजवाया। डाक्टराें की टीम को उपचार के निर्देश दिए। डीएम ने कहा कि मृतकों के परिजनाें को मुआवजा दिया जाएगा।