शासकीय अधिवक्ता ब्रजराज सिंह राजपूत ने बताया कि माधौगढ़ थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पिता ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी 15 वर्षीय बेटी को सिरसाकलार थाना क्षेत्र के सिरसा निवासी रामकिशोर पुत्र छक्कीलाल 28 अप्रैल 2017 की रात को बहला फुसलाकर भगा ले गया। उसने उसे ग्राम सुढ़ार में अपने साथ रखा और उसके साथ 15 दिन तक दुष्कर्म किया।
बाद में पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर रामकिशोर को किशोरी के साथ माधौगढ़ स्थित रामपुरा तिराहे के पास से पकड़ लिया था। किशोरी का चिकित्सीय परीक्षण कराकर पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया था। शनिवार को दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की बहस सुनने के बाद अपर जिला जज प्रथम चंद्रपाल सिंह ने रामकिशोर पर दोष साबित होने पर दस साल की कैद व 15 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।