माधौगढ़ के भगवानपुरा गांव में बौद्ध सम्मेलन के दौरान हिंदू देवी देवताओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने के मामले को लेकर दूसरे दिन भी लोग भड़के रहे। शनिवार की सुबह आठ बजे से शुरू हुआ आंदोलन करीब सात घंटे तक चला। आक्रोशित लोगों ने बाजार बंद कराकर जमकर नारेबाजी कर रामपुरा रोड पर जाम लगा दिया। सूचना पाकर कई थानाें की पुलिस मौके पर पहुंची और बाजार
खुलवाने का प्रयास किया। इस पर आक्रोशित लोगों ने पुलिस का विरोध किया। व्यापारियाें ने अपने आप ही प्रतिष्ठान बंद कर लिए। इसके बाद आंदोलनकारी तहसील पहुंचे और हंगामा कर आरोपियाें की गिरफ्तारी की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। पुलिस प्रशासन को चेताया कि पांच जुलाई तक आरोपी गिरफ्तार न हुए तो जेल भरो आंदोलन किया जाएगा। शनिवार को माधौगढ़ कस्बे में
पूर्व विधायक संतराम सेेंगर, जिला पंचायत सदस्य पुष्पेंद्र सेंगर, सुनील शर्मा, शिवेंद्र तोमर केटी व गोल्डी के नेतृत्व में सैकड़ों लोग सड़काें पर उतर आए और बाजार बंद कर रामपुरा रोड पर जाम लगाकर नारेबाजी की। आंदोलनकारी मांग कर रहे थे कि देवी देवताओं के खिलाफ अमर्यादित टिप्पणी करने वालाें को गिरफ्तार किया जाए। सूचना पर कई थानाें की पुलिस मौके पर पहुंची और
समझाकर जाम खुलवाया। इसके बाद आंदोलनकारी तहसील पहुंचे और नारेबाजी कर एसडीएम सुरेश कुमार सोनी को ज्ञापन देकर आरोपियाें की गिरफ्तारी की मांग की। अल्टीमेटम भी दिया कि दो दिन में आरोपी गिरफ्तार नहीं हुए तो जेल भरो आंदोलन किया जाएगा।
शिक्षक पर भी लगाया आरोप
आंदोलनकारियाें ने पुलिस को दिए एक और प्रार्थना पत्र में बताया कि दर्ज मुकदमे में भगवानपुरा प्राथमिक विद्यालय में तैनात शिक्षक रामऔतार का भी नाम बढ़ाया जाए। आरोप लगाया कि यही शिक्षक पूरे गांव के लोगों को गुमराह कर देवी देवताओं के प्रति अपमानजनक टिप्पणी करने को उकसाता है।
भाजपा ने लिया मुद्दा अपने हाथ
आगामी विधान सभा चुनाव को लेकर भाजपा यह मुद्दा हाथ से नहीं जाने देना चाहती है। पहले दिन आंदोलन में केवल क्षेत्रीय लोग थे लेकिन शनिवार को आंदोलन की अगुवाई भाजपा के पूर्व विधायक संतराम सेंगर ने की। उनकी मांग थी कि आरोपियाें को गिरफ्तार किया जाए और राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई हो। कहा कि किसी को भी किसी धर्म पर टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है। वहीं सूत्रों की मानें तो भाजपा की जिला इकाई भी आंदोलन के मूड में है क्याेंकि कई वर्षो से भाजपा माधौगढ़ सीट पर काबिज नहीं हो पाई है।
जाम से लोग रहे परेशान
हिंदूवादी संगठनाें के आंदोलन से जहां माधौगढ़ का पूरा बाजार बंद रहा, वहीं राहगीराें को भी कई घंटे जाम से जूझना पड़ा। इससे बच्चे स्कूल नही जा सके। प्रशासन ने कस्बे में धारा 144 लागू कर दी है। इसका असर भी आंदोलनकारियाें पर नहीं पड़ा और वह दिन भर घूम-घूमकर आरोपियाें की गिरफ्तारी की मांग करते रहे। रामपुरा रोड पर लगभग दो घंटे के जाम से लोग हलकान रहे।
दूसरे पक्ष ने भी लिखाई रिपोर्ट
भगवानपुरा गांव में बौद्ध धर्म के वक्ताआें द्वारा की गई अभद्र टिप्पणी के मामले में पुलिस ने जगदीश की तहरीर पर रामअवतार बौद्ध, नागेंद्र, दौलत सिंह, निवासी भगवानपुरा के खिलाफ धार्मिक भावनाआें को भड़काकर दंगा फैलाने की धाराआें में रिपोर्ट दर्ज की है। वहीं दूसरे पक्ष के गजेंद्र की तहरीर पर मुन्ना सिंह, जगदीश व दौलत सिंह निवासी भगवानपुरा के खिलाफ मारपीट व दलित उत्पीड़न की रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस दोनाें ही मामले में विवेचना कर कार्रवाई की बात कह रही है।