शाहजहांपुर गांव में बने 50 मेगावाट का सोलर ऊर्जा प्लांट करोड़ों के बजट
से तैयार किया गया है। इसका लोकार्पण 27 जनवरी को सीएम अखिलेश यादव करेंगे।
गांव में प्लांट लगने से लोगों में विकास की उम्मीद जगी थी, लेकिन अभी तक
विकास संबंधी कोई खास काम नहीं हुआ है। गांव में नालियां कई जगह टूटी पड़ी
हैं। पानी सड़क पर बह रहा है। इतना ही
नहीं सोलर उर्जा प्लांट के बनने से
कई गांव को जोड़ने वाले रास्ते पर ही प्रतिबंध लग गया। इससे ग्रामीण निराश
है।
शाहजहांपुर गांव में सीएम के कार्यक्रम जैसी कोई तैयारी नहीं दिख
रही है। गांव के बाहरी रास्ते से ही आला अधिकारियों का आना जाना है। लिहाजा
गांव की ओर किसी का ध्यान नहीं है। गांव में टूटी नालियों से पानी बहकर
सड़क पर आ रहा है।
गांव में कुआं की मुडेर पर बैठे धूप ले रहे मानसिंह कहते
है कि मुख्यमंत्री आ रहे है यह तो ठीक है लेकिन गांव के हालात तो जैसे थे
वैसे ही है। कुछ गलियां पक्की हो जाती और गांव को चमाचम कर दिया जाता तो
बात समझ आती। इंदर सिंह कहते है कि सोलर प्लांट लगते ही टिकावली, नूरपुर,
खांखरी, खल्ला, हथनौरा,टिकरी, मुसमरिया से चुर्खी समेत एक दर्जन
गांव को
जोड़ने वाले संपर्क मार्ग को बंद कर दिया है। दोनों ही दिशा में फाटक लगे
हैं। किसी को निकलने की अनुमति नहीं दी जा रही है। यह बात अच्छी नहीं है
जिस रास्ते से वर्षो से आना जाना है उसे बंद किया जाना उचित नहीं है। सीएम
के
आने का बस एक फायदा शाहजहांपुर गांव के किसानों को मिला है। वह यह कि
पूरे सीजन में जिस रजवाहा में पानी की एक बूंद नहीं आई उसमें थोड़ा ही सही
लेकिन पानी आ तो गया। गांव के किसानों का कहना है कि इस क्षेत्र में आधे से
अधिक खेती सिंचाई न हो पाने की वजह से नहीं बोई गई है।
सीएम का विकास का वादा कहीं पूरा, कहीं अधूरा
कालपी क्षेत्र में यह तीसरा मौका है जब मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का आगमन
हो रहा है। उनके आगमन को लेकर क्षेत्रवासी आशांवित है कि वह मंच से क्षेत्र
के विकास के लिए किसी नई परियोजना की घोषणा कर सकते है। जब-जब वह कालपी
क्षेत्र में आए तो मंच से विकास का वादा जरूर किया और उन्हें पूरा करने के
लिए काम भी किया। इसके बाद कई तो पास हो
गए और कई मानक के खेल में फेल हो
गए। गौरतलब हो कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव सबसे पहले कालपी विधान सभा
क्षेत्र के बाबई गांव में आए थे। यहां पर उन्होंने पूर्व मंत्री चौधरी शंकर
सिंह की प्रतिमा का अनावरण किया था। उन्होंने बाबई के प्राथमिक स्वास्थ्य
केंद्र को सामुदायक स्वास्थ्य केंद्र में तब्दील कराने की घोषणा की थी। नून
नदी पर अधूरे रपटा पुल
के निर्माण को पूरा कराने का आश्वासन भी दिया था।
इसके अलावा वह तिरही गांव में शहीद नेकपाल को श्रद्दाजंलि और परिजनों को
ढाढ़स बंधाने आए हुए थे। यहां पर शहीद के परिवार के काशीराम को नौकरी देने
का वायदा किया गया था जो पूरा नहीं हो सका। हालांकि डीएम रामगणेश ने उसे
बुलाकर लेखपाल भर्ती के लिए आवेदन कराया था उसने परीक्षा भी
दी लेकिन वह
पास नहीं हो सका। अब वह एक फिर कालपी क्षेत्र में है जहां पर वह दो अरब से
अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण और 88 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का
शिलान्यास करेंगे। मंच से वह क्षेत्र के विकास को क्या सौगात देंगे इस पर
सबकी नजर है।
सीएम के आगमन से पूर्व प्रमुख सचिव ने परखी बिजली व्यवस्था
सीएम को लेकर उच्चाधिकारी हलकान हैं। सोमवार को प्रमुख सचिव ऊर्जा संजय
अग्रवाल उरई आए। यहां पर उन्हेांने कलेक्ट्रेट में बिजली विभाग के
अधिकारियों की बैठक ली। इस बैठक में बुंदेलखंड के सभी जिलों के बिजली
अधिकारी शामिल हुए। समीक्षा के बाद प्रमुख सचिव ऊर्जा ने राहिया स्थित
बिजली सब स्टेशन का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि
ग्रामीण
क्षेत्रों में 20 घंटे से कम बिजली आपूर्ति न हो। समीक्षा के बैठक के
बाद पत्रकारों से मुखातिब होेते हुए प्रमुख सचिव ऊर्जा ने कहा कि बुंदेलखंड
के सभी जिलों में ग्रामीण क्षेत्रों में 20 घंटे बिजली सप्लाई हो रही है।
चित्रकूट के पाठा इलाके में व बांदा के कुछ इलाकों में तकनीकी कारणों के
चलते अभी 20 घंटे बिजली सप्लाई नहीं हो पा रही है। जल्द ही वहां पर भी
यह
चालू हो जाएगी। उन्होंने बताया कि जनपद जालौन में 69 सब स्टेशन हैं। इनमें
64 सब स्टेशनों में 20 घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है। इस मौके पर बिजली
विभाग के एमडी एपी मिश्रा, एसई एसएस प्रसाद के अलावा बुंदेलखण्ड के सभी
जिलों के बिजली अधीक्षण अभियंता मौजूद रहे। इसके बाद प्रमुख सचिव ऊर्जा ने
राहिया सब स्टेशन का निरीक्षण भी किया। जहां पर सब कुछ ठीक मिला।
सीएम के लिए मंच, जनता के लिए पंडाल तैयार
सीएम अखिलेश यादव 27 जनवरी को विकास कार्यों का लोकार्पण व नई परियोजनाओं
का शुभारंभ करने के लिए जनपद में आ रहे हैं। कदौरा क्षेत्र के लोहिया गांव
को चमकाने के साथ सोलर प्लांट में ही हैलीपैड बनाया जा रहा है। कार्यक्रम
स्थल के आसपास होर्डिंग लगाए जा रहे हैं। जोल्हूपुर में जनसभा स्थल को
तैयार कर सजाने और संवारने का कार्य तेजी से हो
रहा है। भव्य मंच के साथ
पंडाल भी लगभग तैयार है। मुख्यमंत्री डा. राममनोहर लोहिया समग्र ग्राम
विकास योजना में चयनित गांव का निरीक्षण करेंगे। यूं तो वह कदौरा ब्लाक के
16 गांव में से किसी का निरीक्षण कर सकते है लेकिन जिला प्रशासन का मुख्य
फोकस निस्वापुर, ताहरपुर, निवाड़ी और तिरही पर है। प्रशासन से पूछा गया तो
वह इन्हीं में से किसी एक में ही चलने का सुझाव देंगे।