नगर को रेलवे लाइन से जोड़ने के लिए नगर में चल रहा आमरण अनशन जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक व डीआरएम के प्रतिनिधि के आश्वासन पर तीन दिन बाद सोमवार को खत्म हो गया। अनशन स्थल पर पहुंचे अफसरों ने जूस पिलाकर अनशन समाप्त कराया। आंदोलनकारियों ने कहा कि यदि नगर को रेलवे लाइन से जोड़े जाने के लिए दिया गया आश्वासन पूरा
नहीं होता है, तो यह आंदोलन फिर शुरू होगा। आमरण अनशन के तीन दिन बाद प्रशासन ने आंदोलनकारियों तथा अनशनकारियों की सुध ली। सोमवार की शाम लगभग 7 बजे जिलाधिकारी संदीप कौर, पुलिस अधीक्षक बबलू कुमार के साथ झांसी से डीआरएम के प्रतिनिधि के तौर पर आए रेलवे के मंडल अधीक्षण अभियंता मनोज कुमार मिश्रा अनशन स्थल पर
आए। यहां डीएम ने अनशाकारियों आश्वस्त किया कि वह अपने स्तर से प्रयास कर यह टिप्पणी लिखकर रेल मंत्रालय को प्रेेषित करेंगी कि जिला मुख्यालय के जालौन नगर को रेलवे लाइन से जोड़ा जाए। वहीं, डीआरएम के प्रतिनिधि ने भी अपने स्तर से पूरी कार्यवाही कर आंदोलनकारियों का मांगपत्र रेलवे मंत्रालय तक पहुंचाने की बात कही। इससे पूर्व आमरण
अनशनकारी समाजसेवी हाजी मंसब खां, अधिवक्ता असलम सिद्दीकी, प्रद्युम्न दीक्षित व इमरान अंसारी ने तीनों अधिकारियों से कहा कि वह अपने स्तर से हरसंभव प्रयास कर नगर को रेलवे लाइन से जोड़े जाने की पहल करें। इसके साथ ही सभी अधिकारियों ने आमरण अनशनकारियों से अपना अनशन समाप्त करने की अपील की। अंत में डीआरएम के प्रतिनिधि ने सभी
अनशनकारियों को जूस पिलाया। इस मौके पर पूर्व राज्यसभा सांसद श्रीराम पाल, अशरफ अली एड., जाहिद उल्ला अंसारी, गौरीश द्विवेदी, थोपन यादव, कामरेड रामसिंह चौधरी, मास्टर सुशील कुशवाहा, उपजिलाधिकारी एसपी अग्रवाल, सीओ कुलदीप सिंह, कोतवाली प्रभारी लालबहादुर यादव, सिरसा थानाध्यक्ष सत्यदेव सिंह, डॉ. मुकेश राजपूत, डॉ. आरपी राजपूत आदि मौजूद रहे।
सांसद ने लोकसभा में उठाया मुद्दा
जालौन। नगर को रेलवे लाइन से जोड़ने के लिए क्षेत्रीय सांसद भानुप्रताप वर्मा ने भी सोमवार को लोकसभा में नगर को रेलवे लाइन से जोड़े जाने का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि कोंच से फ फूंद वाया जालौन तथा महोबा से भिंड वाया जालौन रेल मार्ग का सर्वे पूरा हो चुका है। फिर भी अभी तक उक्त रेल मार्ग का निर्माण शुरू नहीं हुआ है। जालौन नगर व क्षेत्र की समस्या को देखते हुए रेल मार्ग के लिए शीघ्र ही बजट उपलब्ध कराकर निर्माण शुरू कराया जाए।