कालपी। उसरगांव में झोपड़ी में आग लगने से अंदर चारपाई पर सो रही दिव्यांग वृद्धा झुलस गई। झांसी में मंगलवार की रात इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। वृद्धा के बेटे ने गांव के तीन लोगों पर झोपड़ी में पेट्रोल डालकर आग लगाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्जकर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
कालपी कोतवाली क्षेत्र के उसरगांव निवासी शिंभू पांचाल की मां छोटी बाई (78) दिव्यांग थी। सोमवार को वह घर के बाहर बनी झोपड़ी में सो रही थी। इसी दौरान झोपड़ी में आग लगा दी। वृद्धा की चीख सुन बहू ने उन्हें बचाया और परिजनों को जानकारी दी। झांसी मेडिकल कॉलेज में वृद्धा का इलाज चल रहा था। मंगलवार को डॉक्टर ने परिजनों से उन्हें घर ले जाने की सलाह दी। घर लाते समय रास्ते में उनकी मौत हो गई।
बेटे शिंभू ने कोतवाली पुलिस को तहरीर दी। इसमें बताया कि उसकी मां जब झोपड़ी में लेटी थीं, तभी गांव के ही वहीद, चिरकुट मंसूरी व अंकित बाजपेई ने पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इससे उसकी मां की मौत हो गई। कोतवाल परमहंस तिवारी ने बताया कि बेटे की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्जकर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।