उरई। चौकी पुलिस की प्रताड़ना से आहत युवक ने आंबेडकर प्रतिमा पर चढ़कर अपने शरीर में पेट्रोल डाल लिया और लाइटर से आग लगाने लगा। यह देखकर लोग दौड़े और उसे बचाने का प्रयास किया। लेकिन वह नहीं माना। सूचना पर पहुंचीं सीओ ने करीब एक घंटे तक समझाया और कार्रवाई की बात कही। इस पर युवक नीचे उतर आया। घटना से एक घंटे के लिए यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया।
शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला राजेंद्र नगर निवासी ऋषभ वर्मा शुक्रवार को आंबेडकर प्रतिमा पर चढ़ गया और शरीर पर पेट्रोल डालकर लाइटर से आग लगाने लगा। युवक की हरकतों को देख लोगों ने उसे रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माना। इससे मौके पर भीड़ लग गई। उसके भाई विकास ने बताया कि गुरुवार को शांतिनगर निवासी फूफा हरिमोहन वर्मा का पड़ोसी युवक मोहित से विवाद हो गया था।
इस पर फूफा ने ऋषभ को इसकी जानकारी दी। फूफा की मदद के लिए युवक पहुंचा और उसने पुलिस को सूचना दी। पुलिस मोहित के कहने पर उसके भाई को ही पकड़ ले गई। आरोप है कि वहां मौजूद चौकी इंचार्ज विपिन यादव व सिपाहियों ने उसके साथ मारपीट की और जाति सूचक शब्दों का प्रयोग कर मूंछे उखाड़ने तक की बात कही। आरोप है कि रात में करीब तीन घंटे तक उसके साथ मारपीट की गई है।
इस पर शुक्रवार की सुबह करीब साढ़े दस बजे युवक दो लीटर पेट्रोल लेकर आंबेडकर प्रतिमा पर चढ़ गया और शरीर पर पेट्रोल डालकर आग लगाने का प्रयास करने लगा। सूचना पर सीओ फायर टीम के साथ मौके पर पहुंची और उसे नीचे उतरने के लिए कहा। लेकिन युवक चौकी इंचार्ज को बुलाने व कार्रवाई की मांग पर अड़ा रहा। एक घंटे तक सड़क पूरी तरह से जाम हो गई।
परिजनों ने बताया कि ऋषभ पॉलिटेक्निक कर चुका है और इस समय एमए कर रहा है। रात करीब 11 बजे परिवार वालों की पैरवी के बाद ऋषभ को कोतवाली से छोड़ा गया। इस बात से ऋषभ काफी नाराज था और उसने आक्रोशित होकर यह कदम उठाया। सीओ अर्चना सिंह ने पूरी बात सुनकर उसे दोषियों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस पर युवक नीचे उतर आया। सीओ अर्चना सिंह ने बताया कि मामले को लेकर जांच की जा रही है। अगर कोई दोषी होगा तो कार्रवाई की जाएगी।