उरई (जालौन)। ग्रामीण अंचल में सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन अच्छी पहल है। ऐसे आयोजन दहेज प्रथा पर लगाम लगाने में पूर्णता सहायक होंगे। यह बात सोमवार को साहू राठौर चेतना समिति के प्रदेश अध्यक्ष कैलाशनाथ साहू ने ग्राम कुरहना आलमगीर में समाज के सामूहिक विवाह समारोह में कही। विवाह समारोह में दस जोड़े एक दूजे के हुए।
इससे पहले कार्यक्रम के संयोजक बाबूराम प्रनामी, विवाह समिति के अध्यक्ष अनंतराम साहू ने बरात की अगुवानी की। इसके बाद जयमाल हुआ। इसमें बिजहरा निवासी सुमन देवी ने गुरुका इटौर निवासी राजकुमार, बिजहरा निवासी उमन देवी ने सिजौर निवासी रामदास को, बबीना निवासी पूनम ने कालपी निवासी राजू को, ईगुई निवासी किरन ने हमीरपुर निवासी मुकेश को, बबीना निवासी सीता देवी ने बरदौली निवासी सुनीत को, नौरेजपुर निवासी रानी देवी ने कैथुआ निवासी मलखान सिंह को, सिरसा निवासी संगीता ने तरसौल निवासी सुदामा को, जालौन निवासी अलका ने दौलतपुर निवासी अवधेश को, बौखर निवासी संतोषी ने अपसरिया निवासी श्यामबाबू को तथा सहाव निवासी केशनी ने अनिल साहू को जयमाल पहनाई। इस मौके पर दसों जोड़े ने जीवन भर साथ निभाने का वादा एक दूसरे से किया। इस मौके पर एसडीएम संजय खत्री, एसडीएम दिवाकर सिंह, कार्यक्रम के सभापति रामचरन प्रनामी ने नवदंपति को आशीर्वाद दिया। इसके उपरांत अलग अलग मंडपों में विवाह की सम्पन्न कराया गया। अंत में आयोजन समिति ने सभी जोड़े को घर गृहस्थी का सामान देकर विदा किया।