उरई (जालौन)। ग्रीन महिला एकता समाज सेवा संगठन की बैठक खुशी पैलेस में हुई। इसमें लगातार बढ़ रही महिला हिंसा की घटनाओं पर चिंता जताई गई। कहा गया कि इस पर रोक लगाने की जरूरत है। आज भी आधी आबादी को हक नहीं मिल पा रहा। समय के मुताबिक नियम बदले और जागरूकता के लिए कार्यक्रम किए जा रहे हैं, फिर भी महिलाओं का शोषण रुक नहीं रहा है, जो चिंता का विषय है। शिक्षा के दम पर ही महिलाएं अधिकार और सम्मान बरकरार रख पाएंगी।
बैठक को संबोधित करती हुई संगठन की प्रदेश अध्यक्ष अंगूरी दाड़िया ने कहा कि जिले में महिला हिंसा की घटनाएं दिन पर दिन बढ़ रही हैं, लेकिन पुलिस की उदासीनता से इस पर रोक नहीं लग पा रही है। उन्होंने कहा कि जिले में महिलाओं के साथ घटनाएं होती हैं। जब पीड़ित महिलाएं पुलिस से न्याय मांगने के लिए कोतवाली व थाने जातीं हैं तो पुलिस मामले को गंभीरता से न लेते हुए खानापूरी कर देती हैै, जिससे आरोपियों के हौसले बुलंद हो रहे हैं। जब तक पुलिस सख्त कार्रवाई नहीं करेगी, तब तक महिलाओं का शोषण करने वालों पर नकेल नहीं कसी जा सकती।
उन्होंने कहा कि अगर जल्द ही महिलाओं का शोषण नहीं रुका तो संगठन प्रदर्शन करेगा। शकुंतला पटेल ने कहा कि महिलाओं को चाहिए कि वह अपनी बेटियों को शिक्षा दिलाने के लिए पुरजोर प्रयास करें, जिससे आने वाली पीढ़ी शोषण का शिकार न हो सके। शिक्षा के दम पर ही महिलाएं अपना अधिकार और सम्मान पा सकतीं है। इस मौके पर त्रिवेणी प्रजापति, सुमन गोस्वामी, गुड्डी, दीपा, रीता, सुनीता, नेहा निरंजन, कमला, किशोरी, प्रकाश, राजकुमारी, साधना, उर्मिला आदि मौजूद रहीं।