उरई (जालौन)। खेत से चारा लेकर आ रहे युवक की हाइटेंशन लाइन की चपेट में आने से मौत हो गई। आक्रोशित ग्रामीणों ने शव उरई-कानपुर हाइवे पर रखकर जाम लगा दिया। एसडीएम कालपी व सीओ ने लोगों को समझाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण मुआवजे की मांग पर अड़े रहे। अधिशाषी अभियंता विद्युत ने एक लाख रुपए का चेक देकर जाम हटवाया।
कालपी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सरसेला निवासी सोबरन सिंह का पुत्र जयप्रकाश (22) बुधवार की सुबह तकरीबन आठ बजे जानवरों के लिए चारा लेने गया था। वह चारा काटकर घर आ रहा था तभी गांव के बाहर खेतों पर झूल रहे हाइटेंशन तार उसके लिए काल बन गए। करंट की चपेट में आने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। देखते ही देखते ग्रामीणों की भीड़ इकट्ठा हो गई। सूचना मिलते ही परिजन भी रोते-चिल्लाते मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने उरई-कानपुर हाईवे पर जाम लगाकर विद्युत विभाग के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। ग्रामीणों का कहना था कि विद्युत विभाग को कई बार झूलते तारों को ठीक करने के लिए कहा गया लेकिन इस दिशा में कोई कदम न उठाने से हादसा हो गया। ग्रामीण हादसे के लिए विद्युत विभाग को जिम्मेदार ठहरा रहे थे। उधर, दोनों तरफ वाहनों का लंबा जाम लग गया। सूचना मिलने पर एसडीएम व सीओ कालपी ने मौके पर पहुंचकर लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण मुआवजे की मांग पर अड़े थे। एसडीएम ने अधिशाषी अभियंता विद्युत को मौके पर बुलवाया। एसडीएम ने एक लाख का चेक मृत के परिजन को दिया। तब ग्रामीणों ने जाम हटाया। कालपी पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।