नरेंद्र मोदी, मनमोहन सिंह, सोनिया गांधी, मुलायम सिंह यादव, अजीत सिंह समेत कई नेताओं को चुनाव लड़ने से रोकने के लिए दाखिल जनहित याचिका हाईकोर्ट ने हर्जाने के साथ खारिज कर दी है।
कोर्ट की टिप्पणी रही कि यह याचिका सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के इरादे से की गई और मांगों को बेतुका करार दिया। कोर्ट ने याचिका दाखिल करने वाले अलीगढ़ के वकील खुर्शीद उर्ररहमान पर 20 हजार रुपये हर्जाना (कास्ट) भी लगाया है।
याची का कहना था कि राजनीतिक पार्टियां अपने घोषणा पत्रों में बड़े-बड़े वादे करती हैं। चुनाव होने के बाद जब उनको बहुमत नहीं मिलता तो गठबंधन कर लिया जाता है और घोषणा पत्र में किए गए वादे दरकिनार हो जाते हैं। यह जनता के साथ धोखा है।