कोतवाली क्षेत्र के गांव कछपुरा में शुक्रवार सुबह पारिवारिक विवाद ने उस समय खूनी रूप ले लिया, जब बातचीत के दौरान एक पक्ष ने सरेआम फायरिंग कर दी। इस गोलीबारी में दो बुजुर्ग भाई पैर में गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए।
वारदात के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हो गए। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को तुरंत उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा और मामले की छानबीन में जुट गई है।
पुलिस के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे गांव कछपुरा निवासी दो सगे भाइयों महेश (65) और गिरीश (60) के परिवारों के बीच जमीन व संपत्ति के बंटवारे को लेकर बातचीत चल रही थी। इस दौरान गिरीश के बेटे बंटी और महेश के बेटे प्रमोद के बीच कहासुनी होने लगी। जानकारी होने पर इनके ताऊ का बेटा और पूर्व प्रधान धर्मेंद्र निवासी नगला ओझा भी मौके पर पहुंच गए और दोनों पक्षों के बीच सुलह कराने का प्रयास करने लगा। धर्मेंद्र गांव में शिक्षामित्र भी है।
कहासुनी के बीच एक पक्ष पूर्व प्रधान धर्मेंद्र से ही उलझ गया और आपत्तिजनक टिप्पणी व गाली-गलौज शुरू कर दी।आरोप है कि आक्रोशित होकर पूर्व प्रधान धर्मेंद्र ने अपने भाई राजाबाबू और उसके लड़कों को हथियार लेकर मौके पर बुला लिया।
आरोप के मुताबिक इन लोगों ने आते ही अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। गोलीबारी के दौरान वहां मौजूद महेश और गिरीश दोनों भाइयों के पैर में गोली लग गई और वे लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। वारदात को अंजाम देकर आरोपी मौके से फरार हो गए।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से दोनों बुजुर्गों को जिला अस्पताल भिजवाया।
इधर, पीड़ित प्रमोद की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस ने इस मामले में पूर्व प्रधान धर्मेंद्र पाठक, उसके बेटे कपिल, भाई राजाबाबू, राजाबाबू के बेटों अंशु व अभिषेक को नामजद किया है।