हाथरस। स्थानीय निकाय के एमएलसी चुनाव के लिए मतदान तीन मार्च को सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक होगा। जिला मजिस्ट्रेट ने स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव कराने की प्राथमिकता व्यक्त करते हुए तैनात समस्त जोनल एवं सेक्टर मजिस्ट्रेट को पर्याप्त सतर्कता बरतते हुए सकुशल निर्वाचन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने जिले में धारा 144 का सख्ती से पालन कराने के लिए पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों को सख्त हिदायत दी। सोमवार को कलेक्ट्रेट में चुनाव के लिए आयोजित पोलिंग पार्टियों के प्रशिक्षण कार्यक्रम में डीएम शमीम अहमद खान ने बताया कि सभी आठ मतदेय स्थलों पर सीसीटीवी कैमरा तथा वीडियोग्राफी की व्यवस्था की जाएगी। मतदेय कक्ष के बाहर बड़े अक्षरों में स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया जाएगा कि ’आप कैमरे की नजर में हैं’। उन्होंने कहा कि मतदान के लिए प्रत्येक मतदाता के पास फोटोयुक्त मतदाता पहचानपत्र या निकाय से संबंधित अधिकृत फोटोयुक्त परिचय पत्र अथवा अन्य कोई फोटोयुक्त पहचान पत्र होना जरूरी होगा। कोई भी मतदाता अपने साथ कोई पैन, कैमरा, मोबाईल फोन, कागज आदि लेकर मतदेय स्थल पर प्रवेश नहीं कर सकेगा। मतदान प्रारंभ होने से 48 घंटे पूर्व प्रचार बंद हो जाएगा। उन्होंने बताया कि मतदान होने तक निकायों, ब्लॉक में किसी बैठक का आयोजन नहीं किया जाएगा।
कलेक्ट्रेट में जमा होंगी पेटियांडीएम ने सभी जोनल एवं सेक्टर मजिस्ट्रेट को निर्देश दिए कि वह दो मार्च को अपने निर्धारित जोन एवं सेक्टर में आने वाले मतदेय स्थलों पर निर्वाचन कराने के लिए संबंधित मतदान टोलियों को लेखन सामग्री, मतपत्र आदि समय से प्राप्त कराकर गंतव्य स्थल को प्रस्थान करना सुनिश्चित करेंगे। मतदेय स्थलों के भवनों के निरीक्षण, निष्पक्ष मतदान को आवश्यक व्यवस्था तथा मतदान उपरांत सुरक्षित अभिरक्षा में मतदान टोलियों को वापस संग्रह केंद्र (कलेक्ट्रेट) तक लाने की जिम्मेदारी जोनल एवं मजिस्ट्रेट की होगी।
200 मीटर में नहीं लगेंगे टेंट-शामियानेउन्होंने कहा कि सेक्टर मजिस्ट्रेट अपने मतदान स्थल पर सुनिश्चित करेंगे कि पोलिंग स्टेशन पर मतदान के दिन कोई भी व्यक्ति या राजनीतिक दल 200 मीटर की परिधि में कोई टेंट अथवा शामियाना नहीं लगाए। कैंप में किसी प्रकार का ध्वनि विस्तारक यंत्र या इश्तहार लगाना पूर्णत: निषिद्ध है। कोई व्यक्ति किसी कैंप से प्रचार सामग्री का वितरण नहीं करेगा और न ही कोई बैनर झंडा अथवा उम्मीदवार के नाम का कोई बोर्ड आदि लगाएगा। एडीएम ने डीपी सिंह व पीडी चंद्रशेखर शुक्ला ने मजिस्ट्रेट और पोलिंग कर्मियों की शंकाओं का समाधान किया।