जिला सत्र एवं विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट प्रथम एडीजे निर्भय नारायण राय ने आठ साल पुराने किशोरी के अपहरण के मामले में तीन अभियुक्तों को दोषी करार दिया है। तीनों को पांच-पांच साल के कारावास व अर्थदंड की सजा सुनाई है।
घटना तीन जून 2018 की है। गौतमबुद्धनगर जिले के जेवर निवासी किशोरी अपनी बड़ी बहन व पिता के साथ दो जून को चंदपा में रिश्तेदारी में घूमने आई थी। पिता के जाने के बाद तीन जून की रात रवेंद्र निवासी रोही, जेवर अपने तीन साथी रोहिताश व विक्की निवासीगण रोही व विनोद निवासी सलेमपुर गूजर, कसाना गौतमबुद्धनगर की मदद से किशोरी का अपहरण करके ले गया था।
बाद में पुलिस ने किशोरी को रवेंद्र के पास से खोज लिया। विवेचना के दौरान मुकदमे में दुष्कर्म की धारा भी बढ़ाई गई। रवेंद्र व विक्की के खिलाफ अपहरण व दुष्कर्म और रोहिताश व विनोद पर अपहरण की धारा में चार्जशीट दाखिल हुई।
ट्रायल के दौरान रवेंद्र व रोहताश की फाइलें पृथक की गईं। सोमवार को विक्की, विनोद ओर रोहिताश की फाइलों पर कोर्ट ने निर्णय दिया। पत्रावलियों पर मौजूद साक्ष्य व गवाहों के आधार पर तीनों को अपहरण का दोषी ठहराया। न्यायालय ने आईपीसी की धारा 363 में तीन-तीन साल की कैद व तीन-तीन हजार रुपये अर्थदंड और धारा 366 में पांच-पांच साल की कैद व पांच-पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।