संवाद न्यूज एजेंसी, सादाबाद।
प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के अंतर्गत जिला पंचायत अध्यक्ष और ब्लॉक प्रमुखों के चुनाव में गुंडागर्दी और लोकतंत्र की हत्या किए जाने का आरोप लगाते हुए समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता और पदाधिकारी बृहस्पतिवार को जुलूस के रूप में नारेबाजी करते हुए तहसील तक पहुंचे। यहां एसडीएम अंजली गंगवार को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
ज्ञापन में सपा के पूर्व विधायक देवेंद्र अग्रवाल, पूर्व जिलाध्यक्ष चौधरी भाजुद्दीन और सपा जिला महासचिव जैनुद्दीन चौधरी ने कहा कि किसानों को उनकी फसलों का लाभकारी मूल्य दिया जाए। न्यूनतम समर्थन मूल्य एमएसपी की गारंटी दी जाए। प्रदेश में किसानों का गन्ने का बकाया भुगतान 15 हजार करोड़ रूपये तत्काल दिए जाएं। किसानों के ऊपर जो काला कानून थोपा जा रहा है, उसे तत्काल वापस लिया जाए।
बढ़ती महंगाई डीजल पेट्रोल, रसोई गैस, खाद, बीज, कीटनाशक दवाएं, कृषि यंत्र आदि पर रोक लगाई जाए। बेरोजगार नौजवानों को रोजगार दिया जाए। उत्तर प्रदेश में ध्वस्त कानून व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए। महिलाओं के साथ हो रहे अपराध पर रोक लगाई जाए। समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं के ऊपर फर्जी मुकद्दमे दर्ज करना तत्काल बंद किया जाए और उत्पीड़न पर रोक लगाई जाए। बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं को तत्काल दुरूस्त किया जाए। बढ़ते हुए भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जाए।
कोरोना काल में सरकार द्वारा किए गए भ्रष्टाचार की जांच कराई जाए। मृतकों के परिजनों को मुआवजा दिया जाए। पत्रकारों के ऊपर लगातार हो रहे हमले और हत्याओं पर रोक लगाई जाए। पूर्व विधायक ने कहा कि लोकतंत्र को बचाने के लिए निष्पक्ष और स्वतंत्र चुनाव व्यवस्था के लिए जहां जहां प्रदेश में ब्लाक प्रमुख का नामांकन करने से सपा समर्थित जिला पंचायत अध्यक्ष व ब्लॉक प्रमुख पद के प्रत्याशियों को रोका गया है और नामांकन दाखिल करने नहीं दिया गया है, वहां पर पुन: नामांकन प्रक्रिया करने का आदेश दिया जाए, जिससे संविधान में दी गई लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा की जा सके।
इस मौके पर लोहिया वाहिनी के नेता प्रबल चौधरी, विपिन यादव, चौधरी श्याम सिंह, चौधरी विजयपाल सिंह, गोलू प्रधान, भगत सिंह, कैलाश ठेनुआं, मंसूर अहमद , हाफिज शफीक, अवधेश बाबा, हमीद खान अब्बासी, पवन चौधरी, रवि पहलवान, जफरुद्दीन, आसिफ, आमिर, देशदीपक प्रधान, दलवीर सिंह, रजत अग्रवाल, चौधरी गजेंद्र सिंह, चौधरी श्यामवीर सिंह, पूरन कुशवाहा आदि थे।