नगर के एक मोहल्ले का 13 वर्षीय किशोर मां के जेवर चोरी कर दोस्त को देता रहा। दोस्त भी जेवर के बदले अपने भाई और पिता से पैसे लेकर उसे देता रहा। यह पैसा दोस्तों की पार्टी पर खर्च होता रहा। जब अभिभावकों को बच्चों की इस हरकत का पता चला तो अभिभावक कोतवाली पहुंच गए। वहां इसे लेकर बातचीत चल रही थी।
नगर के एक मोहल्ले का निवासी छठवीं कक्षा के छात्र ने पहले अपनी मां के कुछ जेवर चोरी किए। उसने यह जेवर अपने दोस्त को देकर इनके बदले पैसे लाने के लिए दोस्त ने जेवर अपने पिता को दे दिए तो पिता ने दो हजार रुपये पुत्र को दे दिए। यह पैसा इन बच्चों ने खाने-पीने पर खर्च कर दिया। इसके बाद किशोर को इसकी लत पड़ गई। वह जेवर देकर पैसा लेता रहा और मौज करता रहा।
एक हफ्ते पूर्व जब किशोर की मां को जेवर नहीं मिले तो उसने बच्चे पर सख्ती की। बच्चे ने पूरा सच बता दिया। किशोर के पिता जेवर खरीदने वाले दोस्त के पास गए तो पहली बार खरीदे गए जेवर दो हजार रुपये लेकर वापस कर दिए। इसके बाद मामला आगे बड़ा किशोर की मां ने पाया कि 25 ग्राम सोने के जेवर और गायब हैं। किशोर का कहना है कि उसने पूरा जेवर अपने उसी दोस्त को दिया। आपस में समझौते से बात नहीं बनी तो मामला कोतवाली पहुंच गया।