जिले में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के रिक्त 172 पदों के लिए मिले एक हजार आवेदनों पर निरस्तीकरण की तलवार लटक गई है। इन आवेदनकर्ताओं ने ऑनलाइन आवेदन में उस केंद्र का नाम नहीं भरा था, जहां भर्ती के लिए वह आवेदन कर रहे हैं। इस कारण इन आवेदन पत्रों को निरस्त करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
जिले में 1712 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इन केंद्राें पर 172 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के पद रिक्त हैं। रिक्त पदों के लिए बीएड, स्नातक, परा स्नातक पास अभ्यर्थियों ने भी आवेदन किए थे। इन पदों पर करीब 5500 आवेदन बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग को प्राप्त हुए थे। लंबे समय से भर्ती प्रक्रिया के लिए बनाया गया पोर्टल बंद होने के चलते भर्ती प्रक्रिया रुकी हुई थी। अब फिर से भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। बृहस्पतिवार को भर्ती पोर्टल को चालू कर प्राप्त ऑनलाइन आवेदनों को निकाला गया।
इस पोर्टल पर करीब एक हजार ऐसे आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें आवेदनकर्ताओं ने रिक्त पदों के केंद्र का कॉलम ही रिक्त छोड़ दिया है। कुछ ऐसे आवेदनकर्ताओं ने आवेदन किए हैं, जिनके क्षेत्र में बने आंगनबाड़ी केंद्र में पद ही रिक्त नहीं है। इन आवेदनों को निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके बाद शेष आवेदनों में शासनादेश के क्रम में निर्धारित वरीयता के आधार पर केंद्र वार सूची को तैयार कर भर्ती प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा।
केंद्र न भरने व अन्य वजह से करीब एक हजार आवेदन निरस्तीकरण के लिए चिह्नित किए गए हैं। इनको निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। जल्द ही वरीयता सूची भी जारी की जाएगी।
-धीरेंद्र कुमार उपाध्याय, जिला कार्यक्रम अधिकारी।