बदलते मौसम, भीषण गर्मी और बढ़ती उमस के बीच जिले में वायरल बुखार और त्वचा संबंधी बीमारियों के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
बुधवार को अस्पताल में 1800 से अधिक मरीज उपचार और परामर्श के लिए पहुंचे, जिनमें 250 से ज्यादा मरीज बुखार, बदन दर्द और कमजोरी जैसी शिकायतों से पीड़ित थे। वहीं, 200 से अधिक मरीज दाद, खाज और खुजली जैसी त्वचा संबंधी समस्याओं के इलाज के लिए पहुंचे।
अस्पताल के फिजिशियन कक्ष के बाहर सुबह से ही मरीजों की लंबी कतारें लगी रहीं। चिकित्सकों के अनुसार तेज धूप, उमस और तापमान में लगातार हो रहे बदलाव के कारण वायरल संक्रमण तेजी से फैल रहा है। अस्पताल आने वाले अधिकांश मरीज तेज बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द और कमजोरी की शिकायत कर रहे हैं।
फिजिशियन डॉ. अवधेश कुमार ने बताया कि वर्तमान में वायरल बुखार के मामले बढ़े हैं। उन्होंने लोगों को अचानक तापमान परिवर्तन से बचने, पर्याप्त पानी पीने और बाहर के खान-पान से परहेज करने की सलाह दी है।
उधर, अत्यधिक पसीना और उमस भरा मौसम त्वचा रोगों को भी बढ़ावा दे रहा है। दाद, खाज और खुजली से पीड़ित मरीजों की संख्या में वृद्धि दर्ज की गई है। हालांकि, जिला अस्पताल में त्वचा रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं होने से ऐसे मरीजों को फिजिशियन और संविदा चिकित्सकों के भरोसे ही उपचार लेना पड़ रहा है।
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने, हल्के सूती कपड़े पहनने और किसी भी प्रकार के बुखार या त्वचा रोग के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सकीय परामर्श लेने की अपील की है।