गोवर्धन में चालक से मारपीट के विवाद ने 22 अक्तूबर रात गांव नगला मनी में बड़ा रूप ले लिया। दोनों ओर से जमकर लाठी-डंडे चले और पथराव हुआ, जिससे गांव में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने दोनों पक्ष से घायल नौ लोगों का चिकित्सकीय परीक्षण कराया। प्रकरण में 14 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है और छह लोगों को हिरासत में लिया गया है।
नगला मनी निवासी संजय कौशिक ईको कार चलाते हैं। 22 अक्तूबर को वह प्रदीप, भूपेंद्र व अन्य लोगों को गोवर्धन लेकर गए थे। आरोप है कि यहां इन लोगों ने शराब के नशे में संजय से मारपीट कर दी थी। संजय ने गांव में खबर कर दी। संजय के पक्ष के लोगों ने शांति से गांव आने के लिए कहा। गांव आते ही दोनों पक्ष आमने सामने आ गए। दोनों ओर से जमकर मारपीट व लाठी-डंडे चले। इस लड़ाई में मोहल्ले के लोग भी कूद पड़े। लोगों ने एक-दूसरे पर छतों से पथराव शुरु कर दिया। इससे गांव में अफरा-तफरी मच गई। झगड़े की सूचना पर आसपास के गांव के लोग भी आ गए।
सूचना पर तीन पीआरवी और कोतवाली हाथरस गेट पुलिस पहुंच गई। पुलिस बल ने जैसे-तैसे स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस दोनों पक्ष के घायलों को जिला अस्पताल ले आई। घटना में एक पक्ष से प्रदीप, राजेश, भूपेंद्र, हरिओम व संजय पुत्र इंद्रपाल घायल हो गए। दूसरे पक्ष से अतुल, कैलाशचंद्र, नीरज, मोनिका पुत्री गिरीश कौशिक, संजय घायल हुए। पुलिस ने सभी नौ लोगों का चिकित्सकीय परीक्षण कराया।
इनके खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा
एसआई कृष्ण कुमार सिंह ने एक पक्ष से प्रदीप, भूपेंद्र, राजेश, हरिओम, श्रीचंद्र, मुरारीलाल व कुंवरपाल तथा दूसरे पक्ष से अतुल, नीरज कौशिक, कैलाशचंद्र कौशिक, संजय कौशिक, चेतन देव कौशिक, नरेश कौशिक व बृजेश कौशिक और 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। इनमें प्रदीप, राजेश, भूपेंद्र, कैलाश, नीरज व संजय को गिरफ्तार कर लिया गया है। एसएचओ अरविंद राठी ने बताया कि बाकी आरोपियों की गि भी गिरफ्तारी का प्रयास किया जा रहा है।