माध्यमिक शिक्षा परिषद की बोर्ड परीक्षा में अपने स्कूल को परीक्षा केंद्र बनवाने के लिए माफिया अब भी जिला परीक्षा समिति पर दबाव बनाए हुए हैं, जिससे या तो उनका विद्यालय परीक्षा केंद्र बन सके या फिर उनके विद्यार्थियों की शिफ्टिंग उनके पसंद के स्कूल में हो सके।
माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की परीक्षा में वैसे भी इस बार जिला परीक्षा समिति ने 10 हजार परीक्षार्थियों की जिले में संख्या कम होने के बावजूद शिक्षा सत्र 2015-16 से 10 अधिक परीक्षा केंद्र निर्धारित कर दिए हैं। विभागीय आंकड़ों की मानें तो पिछले शिक्षा सत्र में 70 हजार परीक्षार्थी इस परीक्षा में शामिल हुए थे।
इनके लिए 136 परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए थे। इस बार यह संख्या घटकर 60 हजार ही रह गई है, लेकिन परीक्षा केंद्रों की संख्या विभाग की अनंतिम सूची में भी 146 पहुंच गई है। इसके बावजूद अभी आधा दर्जन विद्यालयों के संचालकों द्वारा अपने अपने विद्यालय को सेंटर बनवाने के लिए जिला परीक्षा समिति पर तरह-तरह से दवाब बनाया जा रहा है।
इस कारण इन स्कूल संचालकों की नजर अब जिला परीक्षा समिति द्वारा निर्धारित अंतिम सूची पर लगी हुई हैं, जिससे यह अगर किसी प्रकार अपने मंसूबों में सफल नहीं होते तो वह मंडलीय परीक्षा समिति में अपने प्रभाव का इस्तेमाल कराकर अपने विद्यालय को सेंटर बनवा सकें।