ग्रामीण क्षेत्र में परिवहन सुविधा को बेहतर बनाने के उद्देश्य से रोडवेज के हाथरस डिपो द्वारा कई ग्रामीण मार्गों का सर्वे कराने की तैयारी की जा रही है। डिपो प्रबंधन की ओर से छह ग्रामीण मार्गों पर बसों के संचालन की योजना बनाई जा रही है, ताकि दूर-दराज के गांवों तक नियमित और सुलभ बस सेवा उपलब्ध कराई जा सके।
बताया गया है कि आगामी समय में हाथरस डिपो को कई नई बसें मिलने की संभावना है, जबकि कुछ पुरानी बसों के ऑफ रूट रहने की स्थिति भी बन रही है। ऐसे में बसों के प्रभावी उपयोग और अधिकतम यात्रियों को सुविधा देने के लिए नए ग्रामीण मार्गों की पहचान की जा रही है। इसको ध्यान में रखते हुए सर्वे की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
सर्वे के दौरान चालक-परिचालकों से मार्गों की स्थिति, यात्री संख्या और संचालन की व्यवहारिकता के संबंध में सुझाव लिए जा रहे हैं। इसके अलावा स्थानीय ग्रामीणों और आम लोगों से भी यह जानने का प्रयास किया जा रहा है कि किन गांवों को बस सेवा की सबसे अधिक आवश्यकता है। विशेष रूप से उन गांवों पर ध्यान दिया जा रहा है, जहां अभी तक नियमित सार्वजनिक परिवहन की सुविधा नहीं है।
हाल ही में विजयगढ़, टीकरी, कानऊ, बरवाना और जलेसर जैसे क्षेत्रों से बसों का संचालन शुरू किया गया है, जहां यात्रियों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। इसी आधार पर अन्य ग्रामीण क्षेत्रों को भी बस सेवा से जोड़ने की योजना तैयार की जा रही है। हाथरस डिपो के प्रभारी एआरएम मंगेश कुमार ने बताया कि इस समय ग्रामीण मार्गों पर नई बसें चलाने पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है।