शिकायतों के निस्तारण में अधिकारियों की मनमानी
डिफॉल्टर और लंबित संदर्भों की संख्या अधिक होने पर एडीएम का चढ़ा पारा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
हाथरस। कलेक्ट्रेट सभागार में कर करेत्तर एवं राजस्व वसूली की एडीएम डॉ. अशोक कुमार शुक्ला ने समीक्षा की। एडीएम ने आईजीआरएस पोर्टल एंव सीएम हेल्पलाइन पर डिफॉल्टर और लंबित संदर्भों की संख्या अधिक होने पर कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए स्थिति में सुधार लाने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए।
ईडीएम मनोज उपाध्याय ने बताया कि आईजीआरस पोर्टल में संपूर्ण समाधान दिवस के समस्त विभागों के नौ संदर्भ डिफॉल्टर, भारत सरकार पीजी पोर्टल पर एक संदर्भ डिफॉल्टर, सीएम हेल्प लाइन (प्रथम स्तर अधिकारी) के तहत 102 संदर्भ डिफॉल्टर, ऑनलाइन संदर्भ में (प्रथम स्तर अधिकारी) में 28 संदर्भ डिफॉल्टर, ऑनलाइन प्राप्त संदर्भ में एक डिफॉल्टर श्रेणी में हैं। आय जाति निवास प्रमाण पत्रों के तहसील हाथरस में एक माह से अधिक आठ प्रकरण, तहसील सिकंदराराऊ में एक माह से अधिक के दो प्रकरण, उप जिलाधिकारी सादाबाद में एक माह से अधिक का एक प्रकरण लंबित हैं।
एडीएम ने कलेक्ट्रेट में कर करेत्तर बैठक में मुख्य एवं विविध देयों की वसूली, कर-करेत्तर तथा राजस्व कार्यों की विभागवार समीक्षा करते हुए मानक के अनुसार राजस्व वसूली करने के संबंध में सभी अधिकारियों को कड़ी हिदायत दी। एडीएम ने सीआरए राजेश अग्रवाल से बैंकों की आरसी के मिलान के बारे में जानकारी ली। सीआरए ने बताया कि जिले में 143 बैैंक है, जिनमें से 50 बैंको की आरसी का मिलान कर लिया गया है। बैंकों में कोई आरसी नहीं है। एडीएम ने शेष बैंकों की आरसी का मिलान तत्काल से करने के निर्देश दिए। परिवहन विभाग, खनन विभाग तथा मंडी द्वारा पिछले वर्ष की अपेक्षा कम वसूली करने पर नाराजगी जाहिर की।