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यौन शोषण मामला: शिकायतकर्ता छात्राओं की हुई पहचान, नहीं आ रहीं सामने, केस डायरी बनना हुई शुरू

Thu, 27 Mar 2025 09:11 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस

सार

हाथरस के पीसी बागला डिग्री कॉलेज में प्रोफेसर रजनीश मामले में प्रशासन द्वारा बनाई गई समिति की जांच पूरी हो गई है। आज डीएम को जांच रिपोर्ट सोंपी जा सकती है। शिकायतकर्ता छात्राओं की पहचान हो गई है, पर कोई भी सामने आने को तैयार नहीं है।
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आरोपी प्रोफेसर रजनीश - फोटो : वीडियो ग्रैब
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विस्तार
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छात्राओं के यौन शोषण मामले में फंसे प्रोफेसर रजनीश कुमार के खिलाफ आईं शिकायतों के आधार पर पुलिस शिकायतकर्ता छात्राओं की पहचान कर उनसे संपर्क में जुटी हुई है। इधर, प्रशासन की चार सदस्यीय कमेटी 28 मार्च को डीएम को जांच रिपोर्ट सौंप सकती है। 

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हालांकि अभी कोई भी शिकायतकर्ता सामने आने को तैयार नहीं है। इस कारण पुलिस ने अब फॉरेंसिक माध्यम से एकत्रित किए जा रहे साक्ष्यों के आधार पर केस डायरी बनाना शुरू कर दी है। इधर, पुलिस प्रोफेसर रजनीश की कॉल डिटेल के जरिये इस मामले से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने में भी जुटी है। 

उल्लेखनीय है कि इस मामले में महिला आयोग के शिकायत का संज्ञान लेने के बाद प्रोफेसर रजनीश कुमार पर मुकदमा दर्ज किया गया था। 13 फरवरी को मुकदमा दर्ज होने के सातवें दिन पुलिस ने आरोपी रजनीश कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। रजनीश कुमार को प्रयागराज से गिरफ्तार किया गया था। रजनीश कुमार के गिरफ्तार होने के बाद यौन शोषण से जुड़े एक के बाद एक मामले सामने आते गए।

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18 माह पुरानी शिकायत पर प्रशासन और महाविद्यालय स्तर से लापरवाही भी सामने आई। इस मामले के सुर्खियों में आने के बाद जिलाधिकारी को मिले शिकायती पत्र पर एसडीएम सदर की अध्यक्षता में चार सदस्यीय जांच कमेटी भी गठित की गई। इस कमेटी ने महाविद्यालय पहुंचकर साथी प्रोफेसर, अन्य स्टाफ, छात्राओं के साथ पुरानी जांच कमेटी के बयान दर्ज किए थे। 

बयानों व वीडियो के आधार पर यह बात सामने आई कि छात्राओं का यौन शोषण हुआ है। जांच कमेटी ने अपनी जांच रिपोर्ट को अंतिम रूप दे दिया है। अनुमान लगाया जा रहा है कि जांच कमेटी शुक्रवार को अपनी जांच रिपोर्ट सौंप देगी। इस जांच में पूर्व में हुई शिकायत की जांच करने वाले जांच अधिकारी भी कार्रवाई की जद में आ सकते हैं। इधर, पुलिस ने भी फॉरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर केस डायरी को बनाना शुरू कर दिया है।
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