हाथरस सिटी रेलवे स्टेशन पर सोमवार की शाम को बड़ा हादसा होने से टल गया। यहां एक यात्री ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच फंस गया। गनीमत रही कि उसकी जान बच गई। मौके पर मौजूद राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने करीब 20 मिनट तक चले बचाव अभियान के बाद उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हर कोई यही कह रहा था कि युवक मौत को छूकर वापस लौट आया है।
सोमवार शाम करीब सात बजे ट्रेन नंबर 55334 आगरा-कासगंज पैसेंजर आगरा से कासगंज की ओर जा रही थी। हाथरस सिटी स्टेशन पर ट्रेन में यात्रियों की भारी भीड़ थी। धक्का-मुक्की के कारण एक यात्री का पैर अचानक फिसल गया और वह ट्रेन के नीचे जा गिरा। देखते ही देखते वह प्लेटफॉर्म और ट्रेन के बीच की जगह (गैप) में बुरी तरह फंस गया।
यह देख स्टेशन पर मौजूद अन्य यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। सूचना तुरंत जीआरपी व आरपीएफ को दी गई। मौके पर पहुंची टीम ने बिना समय गंवाए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। करीब 20 मिनट की कड़ी मशक्कत और सूझबूझ के बाद यात्री को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। यात्री ने अपना नाम सिकंदराराऊ के गांव नौखेर निवासी ओम प्रकाश पुत्र मोहर सिंह बताया। वह मथुरा से सिकंदराराऊ जा रहे थे। स्टेशन पर पानी लेने के लिए उतरे थे और चढ़ते समय अधिक भीड़ होने के कारण पायदान से पैर फिसल गया तो नीचे गिर गए।
जिला अस्पताल में चल रहा इलाज
बाहर निकालते ही जीआरपी और रेलवे स्टाफ ने यात्री को तुरंत एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल में भर्ती कराया। फिलहाल डॉक्टरों की टीम उनका इलाज कर रही है। इस घटना ने एक बार फिर ट्रेनों में बढ़ती भीड़ के बीच यात्रा के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों का महत्व समझाया है।
पहले से लेट ट्रेन हुई और अधिक लेट
आगरा-कासगंज पैसेंजर का हाथरस सिटी स्टेशन पर पहुंचने का समय करीब पौने सात बजे का है, लेकिन यह ट्रेन करीब 15 मिनट देरी से स्टेशन पर पहुंची। घटना होने के चलते ट्रेन शाम करीब 07.20 बजे कासगंज की ओर रवाना की जा सकी।
ट्रेन में चढ़ते समय यात्री का पैर फिसल गया था। यात्री को ट्रेन के बीच से सुरक्षित बाहर निकाला गया। चोट लगने के कारण उसे बागला जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
-सुयश कुमार, जीआरपी प्रभारी, हाथरस सिटी।